menu-icon
India Daily

India Air Defense System: भारतीय सेना का 'ऑपरेशन सिंदूर' में कमाल, विदेशी हथियारों की उड़ी धज्जियां

India Air Defense System: भारत का एकीकृत वायु रक्षा नेटवर्क हाल ही में तुर्की ड्रोन और चीनी मिसाइलों के साथ पाकिस्तानी हवाई हमलों को नाकाम करने में सफल रहा. सैन्य अधिकारियों ने पाकिस्तान के उन्नत हथियारों के इस्तेमाल के सबूत पेश किए, जिनमें से अधिकांश को नष्ट कर दिया गया.

Ritu Sharma
Edited By: Ritu Sharma
India Air Defense System: भारतीय सेना का 'ऑपरेशन सिंदूर' में कमाल, विदेशी हथियारों की उड़ी धज्जियां
Courtesy: Social Media

India Air Defense System: भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान, तुर्की और चीन की तकनीकों को पूरी तरह पस्त कर दिया. तुर्की के ड्रोन, चीनी PL-15 मिसाइलें और पाकिस्तानी जेट, सब भारत की एकीकृत वायु रक्षा प्रणाली (AD सिस्टम) के सामने नाकाम हो गए. भारतीय वायुसेना के ऑपरेशंस प्रमुख एयर मार्शल ए.के. भारती ने कहा, ''हमारी वायु रक्षा प्रणाली दीवार की तरह खड़ी है, कोई इसे भेद नहीं सकता. चाहे तुर्की का ड्रोन हो या चीनी मिसाइल, भारत की तकनीक के सामने सब फेल हैं.''

'आसमान हमारा है' का संदेश

बता दें कि भारती के साथ थलसेना के लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई और नौसेना के वाइस एडमिरल एएन प्रमोद ने साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में साफ कर दिया कि भारत का आसमान पूरी तरह सुरक्षित है. भारती ने जोर देकर कहा, ''हमारे सभी सैन्य अड्डे और प्रणाली पूरी तरह से एक्टिव हैं. जब भी जरूरत पड़े, हम हर मिशन के लिए तैयार हैं.''

ड्रोन से लेकर मिसाइल तक, सब ढेर

वहीं AD सिस्टम ने चीन की PL-15 मिसाइल, तुर्की के बाइकर यिहा और सोंगार ड्रोन, पाकिस्तानी क्वाडकॉप्टर और रॉकेट्स को या तो मार गिराया या जाम कर दिया. कई ड्रोन तो सीमा पार लौटने पर मजबूर हो गए. 8 मई को पश्चिमी सेक्टर में दागे गए 300-400 ड्रोनों में से 50 को L-70 और ZU-23 तोपों ने उड़ा दिया. 10 मई को सिरसा के पास एक पाकिस्तानी हाई-स्पीड मिसाइल को भी रोक दिया गया.

स्वदेशी हथियारों का शानदार प्रदर्शन

बताते चले कि भारतीय स्वदेशी प्रणाली 'आकाश' ने भी बेहतरीन प्रदर्शन किया. भारती ने कहा, ''आकाश जैसे स्वदेशी हथियारों ने साबित कर दिया कि हम किसी पर निर्भर नहीं हैं.'' आकाश-1 और 2 के 15 स्क्वाड्रन वायुसेना में शामिल हो चुके हैं, जबकि थलसेना के पास 4 रेजिमेंट पहले से हैं.

समुद्र में भी भारत की मजबूत पकड़

इसके  अलावा वाइस एडमिरल प्रमोद ने बताया कि INS विक्रांत और MIG-29K जेट्स की तैनाती से पाकिस्तानी वायुसेना मकरान तट पर सिमटी रही. उन्होंने कहा, ''हमारी बेड़े की एयर डिफेंस प्रणाली भले एक्टिव नहीं हुई, लेकिन हमारी मौजूदगी ही काफी थी दुश्मन को पीछे हटाने के लिए.''