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India Daily

'विफलता कांग्रेस की, कलंक हिन्दुओं पर...', धीमी ग्रोथ रेट का जिक्र कर कांग्रेस पर बुरी तरह बरसे पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एनडीए के 12 वर्ष पूरे होने पर कांग्रेस पर तीखा हमला बोला. उन्होंने धीमी विकास दर को हिंदू ग्रोथ रेट कहे जाने पर सवाल उठाते हुए इसे कांग्रेस की नीतियों और कार्यशैली की विफलता बताया.

Ashutosh
Edited By: Ashutosh Rai
'विफलता कांग्रेस की, कलंक हिन्दुओं पर...', धीमी ग्रोथ रेट का जिक्र कर कांग्रेस पर बुरी तरह बरसे पीएम मोदी
Courtesy: ANI

दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित एनडीए कॉन्क्लेव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लगातार 12 वर्षों तक देश की सेवा करने का अवसर देने के लिए जनता का आभार जताया. इस दौरान उन्होंने कांग्रेस सरकारों के कार्यकाल और एनडीए शासन के विकास मॉडल की तुलना करते हुए कई राजनीतिक और आर्थिक मुद्दों पर अपनी बात रखी.

हिंदू ग्रोथ रेट पर कांग्रेस को घेरा

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि लंबे समय तक देश में धीमी आर्थिक विकास दर को हिंदू ग्रोथ रेट कहकर प्रचारित किया गया. वहीं इसकी जिम्मेदारी तत्कालीन सरकारों की नीतियों और प्रशासनिक विफलताओं की थी. उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन की कमियों का ठीकरा देश की बहुसंख्यक आबादी पर फोड़ना उचित नहीं था. उनके अनुसार, उस दौर को कांग्रेस ग्रोथ रेट कहा जाना चाहिए था. विकास की गति, निर्णय क्षमता और सुशासन की कमी उसी व्यवस्था की देन थी. प्रधानमंत्री ने कहा कि जनता अब विकास और जवाबदेही के बीच का अंतर साफ तौर पर देख रही है.

एनडीए के 12 वर्षों की उपलब्धियां गिनाईं

प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 के बाद देश में नीति, नीयत और निर्णय क्षमता के समन्वय से विकास को नई दिशा मिली. उन्होंने दावा किया कि पिछले 12 वर्षों में बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, डिजिटल सेवाओं और आर्थिक सुधारों के क्षेत्र में तेजी से काम हुआ है. पीएम मोदी ने कहा कि इतने कम समय में बड़े बदलाव संभव हैं, तो यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि दशकों तक ऐसा क्यों नहीं हो सका. उन्होंने इसे कांग्रेस और एनडीए की कार्यशैली के बीच मूल अंतर बताया.

स्थिर सरकार को बताया विकास की कुंजी

प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में स्थिर सरकार की आवश्यकता पर भी जोर दिया. उन्होंने कहा कि 2014 से पहले देश लंबे समय तक राजनीतिक अस्थिरता और घोटालों के दौर से गुजरता रहा. वहीं, एनडीए सरकार ने जनता के भरोसे को मजबूत करते हुए विकास की गति बढ़ाई. उन्होंने कोरोना महामारी के दौरान भारत के प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि कठिन परिस्थितियों में भी देश आगे बढ़ा. प्रधानमंत्री के अनुसार, आज का भारत केवल आंकड़ों से नहीं, बल्कि नई आकांक्षाओं और आत्मविश्वास से पहचाना जाता है.