देहरादून: उत्तराखंड सरकार ने प्रदेश के युवाओं के लिए विदेशों में रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है. राज्य मंत्रिमंडल ने प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट यानी पीएमयू के गठन को मंजूरी दे दी है. इस पहल का उद्देश्य युवाओं को अंतरराष्ट्रीय रोजगार बाजार से जोड़ना, उन्हें वैश्विक मानकों के अनुरूप प्रशिक्षित करना और विदेशों में बेहतर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है.
शुक्रवार को सचिवालय में आयोजित मंत्रिमंडल की बैठक के बाद अपर सचिव मुख्यमंत्री बंशीधर तिवारी ने फैसलों की जानकारी दी. उन्होंने बताया कि कौशल विकास योजना के तहत सहसपुर में स्थापित स्किल हब के अंतर्गत संचालित विदेश रोजगार प्रकोष्ठ के प्रभावी संचालन के लिए पीएमयू का गठन किया जाएगा. इसके साथ ही इस इकाई के संचालन के लिए सात नए पदों के सृजन को भी मंजूरी दी गई है.
सरकार के अनुसार वर्तमान में विदेश रोजगार प्रकोष्ठ का कोई स्थायी ढांचा नहीं है. विभागीय अधिकारी विदेश सेवायोजन से जुड़े कार्यों का संचालन कर रहे हैं, लेकिन विशेषज्ञता के अभाव में कई व्यवहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है. इन्हीं समस्याओं को दूर करने के लिए विशेषज्ञों की टीम के साथ पीएमयू स्थापित की जाएगी.
नई पीएमयू विदेशों में रोजगार के अवसरों की पहचान करेगी, अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रशिक्षण पाठ्यक्रम तैयार करने में सहयोग देगी तथा पंजीकृत एजेंसियों के माध्यम से समझौते और प्लेसमेंट सुनिश्चित करेगी. इसके अलावा युवाओं के लिए जागरूकता अभियान चलाना, उनका डाटाबेस तैयार करना, विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित करना और विदेशी कंपनियों की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण उपलब्ध कराना भी इसकी जिम्मेदारी होगी.
पीएमयू में अंतरराष्ट्रीय सलाहकार, महाप्रबंधक विदेश सेवायोजन, प्रशिक्षण एवं नियोजन प्रबंधक, जनसंपर्क एवं अनुबंध प्रबंधक, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन सहायक, जनसंपर्क एवं अनुबंध सहायक तथा डाटा एंट्री ऑपरेटर सहित सात पद सृजित किए जाएंगे.
कैबिनेट ने शिक्षा और प्रशासन से जुड़े कई अन्य महत्वपूर्ण निर्णय भी लिए. श्रीनगर गढ़वाल में पीएम पोषण योजना के तहत अक्षय पात्र फाउंडेशन के माध्यम से कक्षा एक से आठ तक के विद्यार्थियों को पका हुआ मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराया जाएगा. पिथौरागढ़ के मढ़धुरा स्थित नन्हीं परी सीमांत प्रौद्योगिकी संस्थान के लिए 14.857 हेक्टेयर भूमि तकनीकी शिक्षा विभाग को हस्तांतरित करने की मंजूरी भी दी गई.
इसके अलावा उत्तराखंड राज्य भंडारण निगम के 68 नियमित कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग का लाभ देने, आगामी कुंभ मेले के लिए दो ऑडिट पद सृजित करने, उत्तराखंड वित्त सेवा नियमावली में संशोधन, वित्त ऑडिट प्रकोष्ठ के गठन तथा बापूग्राम, बिंदु खत्ता और बग्गा चौवन के भूमिधरी अधिकार से जुड़े मामलों के लिए समिति गठित करने जैसे कई अहम प्रस्तावों पर भी कैबिनेट ने मुहर लगाई.