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India Daily

छत्तीसगढ़ में मौसम बना किसानों के लिए झंझट, आंधी-तूफान के साथ झमाझम बारिश; बिजली गिरने का डर

छत्तीसगढ़ में मौसम ने अचानक पलटी मारी है. कई जिलों में हल्की-मध्यम बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई, जिससे तापमान सामान्य से 1-5 डिग्री नीचे आ गया.

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Edited By: Reepu Kumari
छत्तीसगढ़ में मौसम बना किसानों के लिए झंझट, आंधी-तूफान के साथ झमाझम बारिश; बिजली गिरने का डर
Courtesy: Pinterest

रायपुर: मार्च की गर्मी से तंग आ चुके छत्तीसगढ़वासियों को अचानक ठंडक मिली, लेकिन यह ठंडक खतरनाक रूप ले रही है. प्रदेश में मौसम ने करवट ली और कई इलाकों में बारिश-ओले गिरे. चक्रवाती परिसंचरण और द्रोणिका सिस्टम के कारण नमी बढ़ी, जिससे अस्थिरता आई. रायपुर समेत कई जिलों में बादल छाए, हवाएं चलीं. मौसम विभाग का कहना है कि यह बदलाव अगले कुछ दिनों तक जारी रह सकता है. लोगों और किसानों को सावधानी बरतने की जरूरत है, क्योंकि वज्रपात और तेज हवाओं का खतरा मंडरा रहा है.

तापमान में बड़ी गिरावट, गर्मी से मिली राहत

प्रदेश भर में अधिकतम तापमान सामान्य से 1 से 5 डिग्री कम दर्ज हुआ. दुर्ग में सबसे ज्यादा 35.2°C रहा, जबकि न्यूनतम 19.2°C. मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक अगले 5 दिनों में 3-5 डिग्री और गिरावट आ सकती है. इसके बाद 2-4 डिग्री की बढ़ोतरी का अनुमान है. इस उतार-चढ़ाव से लोगों को गर्मी-ठंडक दोनों का सामना करना पड़ रहा है. शहरों में दिन में धूप खिली, लेकिन शाम को मौसम ने रंग दिखाया.

बारिश और ओले से कुछ इलाकों में कोहराम

कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हुई, साथ ही ओलावृष्टि भी. देवभोग में 5 सेमी, करपावंद में 4 सेमी और देवकर में 2 सेमी वर्षा रिकॉर्ड हुई. खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान का डर है. किसान चिंतित हैं क्योंकि मार्च में फसलें संवेदनशील होती हैं. कुछ इलाकों में ओलों ने जमीन सफेद कर दी. बारिश से धूल-प्रदूषण कम हुआ, लेकिन तेज हवाओं ने परेशानी बढ़ाई.

आज का बड़ा अलर्ट: तेज हवा और वज्रपात का खतरा

19 मार्च को मौसम विभाग ने कई हिस्सों में येलो अलर्ट जारी किया है. 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं, गरज-चमक, बिजली गिरने और ओले पड़ने की आशंका है. कुछ जिलों में ऑरेंज अलर्ट भी है. लोगों को खुले में न निकलने, पेड़ों के नीचे न खड़े होने की सलाह दी गई है. किसानों से फसलों को सुरक्षित करने को कहा गया है.

मौसम बदलाव के पीछे का कारण

मध्य प्रदेश के मध्य भाग में चक्रवाती परिसंचरण और दक्षिण-पूर्वी राजस्थान से उत्तरी छत्तीसगढ़ तक फैली द्रोणिका इसका मुख्य कारण है. ये सिस्टम 0.9 किमी ऊपर सक्रिय हैं, जिससे नमी और अस्थिरता बढ़ी. इस वजह से बादल बने और बारिश-आंधी आई. मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि ऐसे सिस्टम मार्च में कभी-कभी सक्रिय हो जाते हैं.

रायपुर और आने वाले दिनों का हाल

राजधानी रायपुर में आज आंशिक बादल छाए रहेंगे, गरज-चमक के साथ हल्की बारिश संभव. अधिकतम तापमान 34°C और न्यूनतम 24°C के आसपास रहेगा. अगले दो दिनों तक हल्की-मध्यम बारिश जारी रह सकती है. उसके बाद मौसम साफ होने लगेगा. कुल मिलाकर, प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला-बदला रहेगा, इसलिए सतर्क रहें.