Paris Olympics 2024: पेरिस ओलंपिक 2024 में ब्रॉन्ज जीतकर युवा रेसलर अमन सहरावत ने कमाल किया है. उन्होंने प्यूर्टो रिको के डरियन टोई क्रूज को 13-5 से हराकर ब्रॉन्ज पर कब्जा किया. इस तरह वो अब 21 साल 24 दिन की उम्र में भारत के सबसे युवा ओलंपिक मेडलिस्ट बन गए हैं. अमन के लिए यह मेडल जीतना आसान नहीं था, क्योंकि ब्रॉन्ज मेडल मैच से पहले उनका वजन 61.5 KG हो गया था, जबकि वो 57 किलोग्राम की कैटेगरी में पार्टिसिपेट कर रहे थे. अमन ने हार नहीं मानी और एक रात में 4.6 किलोग्राम वजन घटाकर फाइनल मैच के लिए खुद को रेडी किया, फिर मेडल जीतकर सभी को चौंका दिया. आखिर ये सब कैसे हुआ, चलिए जानते हैं.
Here comes our 6th Medal 🇮🇳🥉
— BCCI (@BCCI) August 9, 2024
Huge congrats to Aman Sehrawat for making history as the first Indian wrestler to secure a medal at the Paris Games! On his Olympic debut, he grabs Bronze with flair.
He also becomes India's youngest Olympic medalist.👏👏#TeamIndia |… pic.twitter.com/mCyBATs6UM
दरअसल, सेमीफाइनल के बाद अमन का वजन 61.5 KG हो गया था, जो उनकी वेट कैटेगरी 57 किलोग्राम से 4.5 किलो ज्यादा था. अमन और भारतीय कोच जगमंदर सिंह और वीरेंद्र दहिया के सामने वजन कम करने बड़ी चुनौती थी. दहिया बताते हैं कि यह एक मिशन जैसा था, क्योंकि विनेश फोगाट के साथ जो हुआ उसके बाद हम एक और झटका बर्दाश्त नहीं कर सकते थे. बता दें कि विनेश 100 ग्राम ज्यादा होने के कारण फाइनल के लिए अयोग्य हो गईं और अब कोर्ट में केस लड़ रही हैं.
अमन के कोच वीरेंद्र दाहिया ने बताया कि महज 10 घंटों में अमन का 4.6 किलोग्राम वजन घटाने का मिशन कैसे पूरा हुआ.
अमन ने कैसे घटाया 4.6 किलो वजन, नीचे प्वाइंट में जानिए
विनेश के साथ जो हुआ उससे तनाव था, हम एक और पदक से चूक नहीं सके थे
कोच रवि दहिया ने बताया कि 'वजन कम करना हमारे लिए नियमित है, लेकिन विनेश के साथ जो हुआ उसके कारण बहुत तनाव था. हम एक और पदक से चूक नहीं सकते थे. दहिया ने बताया कि सारी मेहनत रंग लाई और अमन ने शुक्रवार को प्यूर्टो रिको के डेरियन क्रूज को हराकर कांस्य पदक जीता.