Muhammad Hussein Srour Kill: इज़रायली रक्षा बलों (IDF) ने ड्रोन फुटेज जारी की है, जिसमें हवाई हमले में हिज़्बुल्लाह के शीर्ष कमांडर मुहम्मद हुसैन सरूर की टारगेट किलिंग दिखाई गई है. फुटेज में बेरूत के दक्षिणी उपनगर में एक आवासीय इमारत में कई विस्फोट दिखाई दिए.
1973 में दक्षिणी लेबनान के ऐता अल-शाब गांव में जन्मे सरूर को 'हज्ज अबू सालेह' के नाम से भी जाना जाता है और वो 1996 में हिज़्बुल्लाह में शामिल हुआ था. उसने संगठन में कई नेतृत्वकारी पदों पर कार्य किया तथा इसके सैन्य अभियानों में एक प्रमुख व्यक्ति बन गया.
IDF: Attached is an IDF announcement regarding the elimination of Muhammad Hussein Srour, the Commander of Hezbollah's Aerial Command: https://t.co/pqgPPHoIta
Attached is video footage of the elimination: https://t.co/8PAYI37uvGhttps://t.co/kpcBq1uBaw pic.twitter.com/xLeRWumifG— John Spectator (@johnspectator) September 26, 2024Also Read
सरूर ने इजरायली सेना के खिलाफ कई रणनीतिक पहलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और लेबनान की पूर्वी सीमाओं और सीरिया में हिजबुल्लाह की लड़ाई में भाग लिया. उसे विशेष रूप से हिजबुल्लाह की हवाई कमान के नेतृत्व और इजरायली संपत्तियों को निशाना बनाने वाले ड्रोन और विस्फोटक हमलों के समन्वय में उनकी कथित भागीदारी के लिए जाना जाता था।
इजराइल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा है कि हमारी नीति स्पष्ट है. हम हिजबुल्लाह पर पूरी ताकत से हमला करना जारी रखेंगे और हम तब तक नहीं रुकेंगे जब तक हम अपने सभी लक्ष्य हासिल नहीं कर लेते. सरूर ने हाल के वर्षों में हिजबुल्लाह के मानव रहित हवाई वाहन (यूएवी) क्षमताओं के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी.
🚨Bibi, upon landing in NYC: "During the flight, I authorized a strike, and "other things," on the head of Hezbollah's UAV unit, and he was killed. Our policy is clear - we will continue to hit Hezbollah with full force, and we will not stop until we achieve all our goals." pic.twitter.com/m3M4JEKY9C
— Raylan Givens (@JewishWarrior13) September 26, 2024
सरूर ने दक्षिणी लेबनान और बेरूत में नागरिक क्षेत्रों के पास विनिर्माण सुविधाएं स्थापित कीं, जिससे चल रहे संघर्षों के बीच नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गईं. इसके अलावा, उसने हिजबुल्लाह की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल इकाई का नेतृत्व किया और कथित तौर पर यमन में हौथी बलों से जुड़े अभियानों से जुड़े थे.
जिस हवाई हमले में सरूर की मौत हुई, वह इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच बढ़ते संघर्ष की पृष्ठभूमि में हुआ है, जो 7 अक्टूबर को हमास की ओऱ से किए गए हमले के बाद और भी तीव्र हो गया. तब से, दोनों पक्षों के बीच नियमित रूप से गोलीबारी होती रही है, जिसमें हिजबुल्लाह ने हमास के हमले के जवाब में उत्तरी इजरायल में रॉकेट दागे, जिसके कारण दोनों पक्षों की ओर से सैन्य प्रतिक्रियाएं बढ़ गईं.