बेंगलुरु: बेंगलुरु में वीआईपी मूवमेंट और ट्रैफिक जाम को लेकर एक नागरिक का विरोध सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है. कर्नाटक के राज्यपाल थावरचंद गहलोत के काफिले के गुजरने के लिए ओल्ड एयरपोर्ट रोड पर यातायात रोक दिया गया था. इसी दौरान अपनी गर्भवती पत्नी के साथ यात्रा कर रहा एक व्यक्ति लंबे समय तक ट्रैफिक में फंसा रहा और नाराज होकर सड़क के बीचोंबीच बैठ गया.
इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वीडियो में व्यक्ति ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों से बहस करते हुए दिखाई देता है. वह बार-बार यह सवाल उठाता है कि क्या आम नागरिकों का समय महत्वपूर्ण नहीं है. उसका कहना था कि उसकी पत्नी गर्भवती है और उन्हें भी जरूरी काम से जाना है, फिर सड़क को पूरी तरह क्यों बंद किया गया है.
Will roads in India be closed for VVIP ⁉️
— Shruti Dhore (@ShrutiDhore) June 1, 2026
A man carrying his pregnant wife got stuck in a traffic jam. After waiting for half an hour, he became angry and sat on a dharna on the road.
Bengaluru for Governor's VVIP movement. pic.twitter.com/nC5uml5PcZ
वायरल वीडियो में युवक ट्रैफिक इंस्पेक्टर से कहता सुनाई देता है, मेरी पत्नी गर्भवती है. हमें भी काम पर जाना है. सिर्फ इसलिए कि राज्यपाल वीआईपी हैं, क्या हम कोई नहीं हैं? इसके जवाब में पुलिस अधिकारी उसे समझाने की कोशिश करते हैं और कहते हैं कि वह भी एक महत्वपूर्ण नागरिक है तथा उसे सड़क से हट जाना चाहिए.
हालांकि युवक अपनी जगह से हटने से इनकार कर देता है. पुलिस अधिकारी उससे कई बार उठने के लिए कहते हैं, लेकिन वह लगातार मना करता रहता है. बाद में राज्यपाल का काफिला वहां से गुजर जाता है. हालांकि यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि आखिरकार स्थिति कैसे सामान्य हुई और युवक वहां से कैसे हटा.
यह घटना एक बार फिर देश में वीआईपी संस्कृति को लेकर बहस को सामने ले आई है. हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी वीआईपी संस्कृति में सादगी लाने की आवश्यकता पर जोर दिया था. उन्होंने मंत्रियों और अधिकारियों से अनावश्यक दिखावे और खर्च को कम करने की बात कही थी. इसी दिशा में प्रधानमंत्री ने अपने काफिले के आकार में 50 प्रतिशत तक कमी करने और इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देने के निर्देश भी दिए थे.