LPG Rule Change 2026: अगर आपके घर में भी रसोई गैस सिलेंडर आता है और आप उस पर मिलने वाली सब्सिडी का फायदा उठाते हैं, तो अगले कुछ दिन आपके लिए काफी अहम साबित हो सकते हैं. पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने साफ कर दिया है कि आने वाली एक अक्तूबर से नियमों में बड़ा बदलाव होने जा रहा है, जिसका असर सीधे आपकी जेब पर पड़ सकता है. दरअसल अब सब्सिडी वाला सिलेंडर पाने के लिए बायोमेट्रिक तरीके से आधार सत्यापन कराना जरूरी कर दिया गया है. सरकार का कहना है कि यह कदम इसलिए उठाया जा रहा है ताकि सब्सिडी का लाभ सिर्फ असली और जरूरतमंद घरेलू उपभोक्ताओं तक पहुंचे, और घरेलू सिलेंडरों का व्यावसायिक इस्तेमाल रोका जा सके.
नियम के मुताबिक जिन उपभोक्ताओं ने अब तक अपना बायोमेट्रिक आधार सत्यापन पूरा नहीं कराया है, उन्हें एक अक्तूबर से सब्सिडी वाले रेट पर सिलेंडर बुक करने से पहले यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी. हालांकि इसका यह मतलब नहीं कि उन्हें सिलेंडर मिलना बंद हो जाएगा. सत्यापन न कराने वालों को सिलेंडर तो मिलेगा, लेकिन पूरी कीमत पर, यानी बिना सब्सिडी के.
सरकार के आंकड़ों पर भरोसा करें तो घबराने की जरूरत नहीं है. 19 सितंबर तक करीब 89.9 फीसदी सक्रिय एलपीजी उपभोक्ता अपना बायोमेट्रिक सत्यापन पहले ही पूरा कर चुके हैं. यानी बड़ी आबादी पहले से तैयार है और सिर्फ कुछ फीसदी उपभोक्ताओं को ही यह प्रक्रिया जल्द पूरी करने की जरूरत है, ताकि वे बिना किसी रुकावट के सब्सिडी का लाभ लेते रहें.
सत्यापन कराने के लिए उपभोक्ताओं के पास एक नहीं बल्कि कई विकल्प मौजूद हैं. सिलेंडर डिलीवरी के समय, डिस्ट्रीब्यूटर के शोरूम पर जाकर, या संबंधित कंपनी के मोबाइल ऐप से यह काम पूरा किया जा सकता है. इंडेन ग्राहक इंडियन ऑयल वन, भारतगैस ग्राहक हैलो बीपीसीएल और एचपी गैस ग्राहक एचपी पे ऐप के जरिए आसानी से आधार सत्यापन पूरा कर सकते हैं.
गौर करने वाली बात यह भी है कि घरेलू सिलेंडर पर मिलने वाली छिपी सब्सिडी लगातार घट रही है. सितंबर 2026 में 14.2 किलो के सिलेंडर पर यह सब्सिडी करीब 210 रुपये रह गई है, जो जून में 721 रुपये थी. इसके बावजूद सरकार तेल कंपनियों को भारी भरकम मुआवजा दे रही है और वित्त वर्ष 2026 व 2027 में करीब 30 हजार करोड़ रुपये चुकाने की तैयारी में है.