नई दिल्ली: स्मार्टफोन हमारे जीवन का एक अभिन्न अंग बन चुका है. इस डिवाइस से आप कई काम आसानी से कर सकते हैं. कॉल करने से लेकर वीडियो बनाने तक, इंटरनेट चलाने से लेकर पैसे ट्रांसफर करने तक, कई काम फोन चुटकी बजाते ही कर सकता है. अपने फोन के बारे में हर यूजर को सबकुछ पता होता है, लेकिन एक ऐसी चीज है, जिसके बारे में शायद ही आपको पता हो. क्या आपने कभी सोचा है कि आपके फोन के पिछले हिस्से पर कैमरे के पास एक छोटा छेद बना होता है, वो क्या है?
अगर आपने कभी इस पर ध्यान नहीं दिया है तो आज हम आपको इसके बारे में बता रहे हैं. अगर आपको लगता है कि ये किसी काम नहीं है, तो आप गलत हैं. असल में यह एक बेहद काम का फीचर है, जो आपकी कॉलिंग और वीडियो रिकॉर्डिंग को बेहतर बनाने में मदद करता है. आइए जानते हैं आखिर इस छोटे से छेद का क्या काम होता है.
फोन के कैमरा के पास बना यह छोटा छेद आमतौर पर सेकेंडरी माइक्रोफोन होता है. यह नॉइस कैंसिलेशन माइक्रोफोन है. बता दें कि स्मार्टफोन में नीचे की तरफ एक मुख्य माइक्रोफोन दिया जाता है, जो कॉल के दौरान आपकी आवाज को सामने वाले व्यक्ति तक पहुंचाता है. वहीं, कैमरा के पास भी एक माइक्रोफोन होता है, जो आसपास के शोर को पहचानने में मदद करता है. यही वो जरिया है जिसके जरिए फनो में बातचीत के दौरान आवाज साफ सुनाई देती है.
अब मान लीजिए, आप किसी ऐसी जगह पर हैं, जहां सड़क पर ट्रैफिक बहुत ज्यादा है या पिर आप कहीं ऐसी जगह हैं, जहां पर लोग बहुत ज्यादा बात कर रहे हैं. ऐसी जगहों पर गाड़ियों के हॉर्न, लोगों की आवाज और दूसरी तरह का शोर काफी ज्यादा होता है. इस तरह की स्थिति में आपकी आवाज के साथ आपके आसपास का शोर भी रिकॉर्ड होने लगता है. ऐसे में कैमरा के पास लगा यह माइक्रोफोन आवाजों को पहचानने में मदद करता है.
इसके बाद फोन का सॉफ्टवेयर और ऑडियो प्रोसेसर दोनों माइक्रोफोन से मिलने वाले सिग्नल का एनालिसिस करते हैं. इसकी मदद से बैकग्राउंड के अनचाहे शोर को कम किया जा सकता है, जिससे सामने वाले व्यक्ति को आपकी आवाज बेहतर सुनाई देती है.
सिर्फ कॉलिंग तक ही नहीं, बल्कि वीडियो रिकॉर्ड करने में भी यह काफी मददगार है. जब आप फोन के पिछले कैमरे से वीडियो बनाते हैं, तो फोन के माइक्रोफोन आसपास की आवाज रिकॉर्ड करने में मदद करते हैं. इससे वीडियो में मौजूद लोगों की बातचीत, आसपास की एक्टिविटीज और एनवायरोमेंट को बेहतर तरह से कैप्चर किया जा सकता है. कुछ स्मार्टफोन में अलग-अलग माइक्रोफोन की मदद से स्टीरियो ऑडियो रिकॉर्डिंग की सुविधा भी मिलती है.
कुछ लोग खुराफाती होते हैं, ऐसे लोग अपना ही नुकसान करा बैठते हैं. इस होल को देखने के लिए इसमें गलती से भी कोई सुई, पिन या कोई नुकीली चीज न डालें. ऐसा करने से माइक्रोफोन खराब हो सकता है. कुछ लोगों को लगता है कि यह एक रीसेट बटन है, लेकिन ध्यान रखें कि यह रीसेट बटन नहीं है. फोन को रीसेट करने के लिए बिना जानकारी के किसी भी छेद में पिन डालना नुकसानदायक हो सकता है.