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India Daily

कांवड़ यात्रा के नए नियम हर कांवड़िए को जानना जरूरी, अब कांवड़ियों की ड्रेस में दिखेगी पुलिस; डीजे की ऊंचाई भी तय

कांवड़ यात्रा से पहले यूपी पुलिस ने नए सुरक्षा नियम जारी किए हैं. कांवड़ और डीजे की ऊंचाई तय की गई है, 75 डेसीबल से ज्यादा आवाज पर रोक रहेगी और कांवड़ियों की ड्रेस में पुलिसकर्मी भी तैनात किए जाएंगे.

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Edited By: Reepu Kumari
कांवड़ यात्रा के नए नियम हर कांवड़िए को जानना जरूरी, अब कांवड़ियों की ड्रेस में दिखेगी पुलिस; डीजे की ऊंचाई भी तय
Courtesy: ChatGpt

कांवड़ यात्रा शुरू होने से पहले उत्तर प्रदेश पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बड़ा एक्शन प्लान तैयार कर लिया है. इस बार सिर्फ अतिरिक्त पुलिस बल ही नहीं, बल्कि कुछ पुलिसकर्मी कांवड़ियों के वेश में भी यात्रा मार्ग पर नजर आएंगे. इसका मकसद भीड़ के बीच रहकर हर गतिविधि पर नजर रखना और किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोकना है. यात्रा के दौरान डीजे, कांवड़, ट्रैफिक और भीड़ प्रबंधन को लेकर भी नए नियम लागू किए गए हैं.

मेरठ जोन के एडीजी ने अधिकारियों को सभी निर्देशों का सख्ती से पालन कराने के आदेश दिए हैं. प्रशासन का कहना है कि नियमों का उद्देश्य श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना और यात्रा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना है.

अब कांवड़ और डीजे के लिए मानने होंगे ये नियम

पुलिस के निर्देशों के अनुसार कांवड़ और डीजे की ऊंचाई 10 फीट तथा चौड़ाई 12 फीट से कम रखनी होगी. म्यूजिक सिस्टम की अधिकतम आवाज 75 डेसीबल तय की गई है. किसी भी तरह के नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी. अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सभी आयोजकों और डीजे संचालकों को निर्धारित मानकों का पालन करना अनिवार्य रहेगा.

धार्मिक गीत ही बजेंगे, नियम तोड़ने पर होगी कार्रवाई

यात्रा के दौरान डीजे पर फूहड़, अश्लील या धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले गीत बजाने की अनुमति नहीं होगी. केवल धार्मिक भजन और श्रद्धा से जुड़े गीत ही चलाए जा सकेंगे. डीजे प्रतियोगिताओं पर भी रोक लगा दी गई है. सभी म्यूजिक सिस्टम संचालकों को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 168 के तहत नोटिस जारी किए गए हैं.

होटल, ढाबों और कांवड़ मार्ग पर नई व्यवस्था

इस बार प्रत्येक थाने में कांवड़ रजिस्टर तैयार किया जाएगा, जिसमें यात्रा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दर्ज होंगी. कांवड़ मार्ग पर मौजूद होटल, रेस्टोरेंट और ढाबों को खाद्य एवं औषधि प्रशासन से क्यूआर कोड लेना होगा. खाने-पीने की वस्तुओं की कीमत सार्वजनिक करना भी अनिवार्य रहेगा, ताकि श्रद्धालु क्यूआर कोड स्कैन कर जानकारी देख सकें.

रूट, मेडिकल और बिजली व्यवस्था पर भी रहेगा फोकस

प्रशासन ने पूरे कांवड़ मार्ग पर दिशा-सूचक बोर्ड लगाने, गोताखोरों के संपर्क नंबर सार्वजनिक करने और मेडिकल कैंप, एम्बुलेंस, मोबाइल बाइक एम्बुलेंस व स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं. वहीं बिजली विभाग को पोल, ट्रांसफॉर्मर और बिजली लाइनों की जांच कर उन्हें पूरी तरह सुरक्षित बनाने को कहा गया है.

मेरठ से हरिद्वार जाने वालों के लिए खास प्लान

यात्रा के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था सुचारु रखने के लिए विशेष रूट प्लान तैयार किया गया है. मेरठ से हरिद्वार और देहरादून जाने वाले वाहनों को मेरठ-करनाल हाईवे के रास्ते शामली होकर ग्रीन कॉरिडोर से भेजा जाएगा. वहीं मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे सामान्य रूप से खुले रहेंगे. वरिष्ठ अधिकारी पुलिसकर्मियों को यात्रा के दौरान व्यवहार और सुरक्षा संबंधी विशेष प्रशिक्षण भी देंगे.