पंजाब में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के बीच वोटर सूची को लेकर लोगों की चिंता बढ़ गई है. मुख्यमंत्री भगवंत मान पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि जिन लोगों का नाम अंतिम वोटर सूची में नहीं होगा, उन्हें राज्य सरकार की कुछ प्रमुख योजनाओं का लाभ नहीं मिल सकेगा. ऐसे में यदि आपका नाम वोटर लिस्ट में नहीं है, कट गया है या किसी दूसरे राज्य में दर्ज है, तो समय रहते आवश्यक प्रक्रिया पूरी करना जरूरी है.
राज्य सरकार की महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता और परिवारों को कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा जैसी योजनाओं का लाभ लेने के लिए मतदाता सूची में नाम दर्ज होना अहम माना गया है. ऐसे में चुनाव आयोग की प्रक्रिया को समझना और समय पर आवेदन करना लाभार्थियों के लिए जरूरी हो गया है.
सरकार के अनुसार, 18 वर्ष या उससे अधिक आयु की पात्र महिलाओं को मासिक आर्थिक सहायता और मुख्यमंत्री सेहत बीमा योजना के तहत परिवारों को सालाना ₹10 लाख तक कैशलेस इलाज की सुविधा दी जा रही है. इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए वोटर सूची में नाम दर्ज होना आवश्यक बताया गया है.
मतदाता अपना नाम चुनाव आयोग के वोटर सर्विस पोर्टल या 'Voter Helpline' मोबाइल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन जांच सकते हैं. EPIC नंबर, व्यक्तिगत जानकारी या पंजीकृत मोबाइल नंबर के जरिए नाम खोजा जा सकता है. इंटरनेट उपलब्ध नहीं होने पर 1950 नंबर पर कॉल, एसएमएस सेवा या बूथ लेवल अधिकारी (BLO) से संपर्क कर भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है.
अगर किसी व्यक्ति का नाम किसी भी राज्य की वोटर सूची में दर्ज नहीं है, तो उसे फॉर्म 6 भरना होगा. इसके साथ आयु और पंजाब में वर्तमान निवास का प्रमाण देना अनिवार्य होगा. वहीं अगर किसी दूसरे राज्य में वोट दर्ज है और उसे पंजाब में स्थानांतरित कराना है, तो फॉर्म 8 भरकर पुराने वोटर कार्ड का विवरण और वर्तमान पते का प्रमाण जमा करना होगा. निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने के बाद सत्यापन के उपरांत नाम पंजाब की अंतिम मतदाता सूची में जोड़ा जाएगा.
अगर किसी का नाम SIR के दौरान वोटर सूची से हट जाता है, तो उसे समय रहते आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन करना चाहिए. चुनाव आयोग की प्रक्रिया पूरी होने और सत्यापन के बाद ही नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा. इसलिए पात्र नागरिकों को सलाह दी जा रही है कि वे पहले अपना नाम जांच लें और जरूरत पड़ने पर निर्धारित फॉर्म भरकर प्रक्रिया पूरी करें.