चंडीगढ़: प्रयागराज के महाकुंभ में भगवा वस्त्र पहने जब एक युवक की पहचान IIT बॉम्बे के एयरो स्पेस इंजीनियर के रूप में हुई, तो देश-दुनिया में हलचल मच गई थी. वही अभय सिंह (36) एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार वजह उनका वैवाहिक जीवन है. सोमवार को हरियाणा के झज्जर पहुंचे अभय सिंह ने खुलासा किया कि उन्होंने शादी कर ली है. मूल रूप से झज्जर के सासरौली गांव के रहने वाले अभय सिंह के साथ उनकी पत्नी प्रतीका भी थीं, जो खुद भी एक इंजीनियर हैं और कर्नाटक की रहने वाली हैं.
अपनी शादी के बारे में जानकारी देते हुए अभय सिंह ने बताया कि उन्होंने इसे गुप्त रखने की कोशिश नहीं की. उन्होंने 15 फरवरी को महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला स्थित अघंजर महादेव मंदिर में प्रतीका के साथ सात फेरे लिए. इसके बाद, कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के लिए 19 फरवरी को उन्होंने कोर्ट मैरिज भी की. फिलहाल यह जोड़ा हिमाचल के धर्मशाला में ही सादगीपूर्ण जीवन व्यतीत कर रहा है.
झज्जर पहुंचने के बाद अभय सिंह सबसे पहले अपनी पत्नी के साथ बैंक पहुंचे, जहां उन्हें अपनी केवाईसी (KYC) अपडेट करानी थी. इसके बाद वे अपने पिता, वरिष्ठ अधिवक्ता कर्ण सिंह के चैंबर में पहुंचे. पुराने दिनों को याद करते हुए अभय ने बताया कि आध्यात्म की ओर कदम बढ़ाने से पहले वे अक्सर इसी चैंबर में बैठकर अपने पिता की कानूनी अर्जियां चेक किया करते थे और केस स्टडी में उनकी मदद करते थे. उन्होंने कहा कि आज पुरानी जगह पर वापस आकर बहुत सुखद अनुभव हो रहा है.
अभय की पत्नी प्रतीका ने मीडिया से बातचीत में अपने पति की सादगी और ईमानदारी की जमकर तारीफ की. प्रतीका ने बताया कि वे एक साल पहले अभय से मिली थीं. अब इस दंपति का साझा लक्ष्य सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार को एक नई ऊंचाई देना है. उन्होंने घोषणा की कि वे भविष्य में एक 'सनातन यूनिवर्सिटी' बनाने की योजना पर काम कर रहे हैं. इस विश्वविद्यालय का उद्देश्य देशभर के आध्यात्मिक गुरुओं, साधकों और विद्वानों को एक मंच पर लाना और युवाओं को धर्म के वास्तविक अर्थ से जोड़ना होगा.