हरियाणा और चंडीगढ़ में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) का काम एक जुलाई से शुरू होगा. दरअसल गुरुवार को चुनाव आयोग द्वारा तीसरे चरण के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम का ऐलान कर दिया गया है. तीसरे चरण में हरियाणा और चंडीगढ़ समेत 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों मतदाता सूची पुनरीक्षण का काम होगा. बूथ स्तरीय अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर मतदाता सूची का सत्यापन करेंगे. आयोग की ओर से जारी किए गए कार्यक्रम के मुताबिक हरियाणा और चंडीगढ़ में अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन 22 सितंबर 2026 को किया जाएगा.
निर्वाचन आयोग ने एसआईआर कार्यक्रम का ऐलान करने के साथ ही मतदाताओं और राजनीतिक दलों से बीएलओ का सहयोग करने की अपील की है. आयोग ने कहा है कि बीएलओ द्वारा मांगे जाने पर मतदाता सही- सही जानकारी उपलब्ध कराते हुए सहयोग करें. इसके साथ आयोग ने कहा कि एसआईआर में सहयोग करने के लिए राजनीतिक दलों के बूथ लेबल एजेंट (BLA) भी बीएलओ के साथ सहायक की भूमिका में रहेंगे. आयोग ने सभी दलों से अपील की है कि समय से बीएलए अपॉइंट कर दें ताकि उनका सहयोग लिया जा सके.
चुनाव आयोग ने एसआईआर का कार्यक्रम जनगणना के लिए चल रही हाउस लिस्टिंग कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए बनाया है. आयोग का कहना है कि बेहतर समन्वय के साथ दोनों काम एक साथ हो सकेंगे और मतदाता सूची भी ज्यादा सटीक और तथ्यात्मक बनाई जा सकेगी.
चुनाव आयोग ने तीसरे चरण के एसआईआर में अरुणाचल प्रदेश, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक, महाराष्ट, तेलांगना, ओडीशा, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और झारखंड समेत कुल 16 राज्यों को शामिल किया है. चुनाव आयोग की ओर से जारी किए गए एसआईआर कार्यक्रम के मुताबिक ओडिशा, सिक्किम, मणिपुर, दादरा एवं नगर हवेली, दमन- दीव, उत्तराखंड, आंध्र प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, चंडीगढ़ और हरियाणा में एसआईआर का काम 1 जुलाई से शुरू होगा. जबकि तेलांगना, पंजाब, कर्नाटक, महाराष्ट्र, मेघालय, नागालैंड, त्रिपुरा, झारखंड और दिल्ली में 1 अक्टूबर 2026 से शुरू होगा और उसी के क्रम में 23 दिसंबर तक इन सभी राज्यों में फाइनल वोटर लिस्ट का प्रकाशन कर दिया जाएगा.