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बस्तर में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात, BSF कैंप में घुसा पानी; पेड़ों और छतों पर घंटों फंसे रहे 30 जवान

छत्तीसगढ़ के नारायणपुर में भारी बारिश के कारण BSF का कैंप बाढ़ के पानी से घिर गया, जहां 30 जवान छतों और पेड़ों पर फंस गए थे. बाद में सभी को सुरक्षित बचा लिया गया.

Km Jaya
Edited By: Km Jaya
बस्तर में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात, BSF कैंप में घुसा पानी; पेड़ों और छतों पर घंटों फंसे रहे 30 जवान
Courtesy: @singh31919 X Account

बस्तर: छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. नारायणपुर जिले के अबूझमाड़ क्षेत्र में कुकुर नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से बालेबेड़ा स्थित सीमा सुरक्षा बल यानी BSF की 86वीं बटालियन का कैंप जलमग्न हो गया. तेजी से बढ़ते पानी के कारण कैंप में तैनात करीब 30 जवानों को अपनी जान बचाने के लिए टिन शेड की छतों और आसपास के पेड़ों का सहारा लेना पड़ा.

बारिश और बाढ़ के कारण जवान कई घंटों तक कैंप में फंसे रहे. पानी का स्तर कम होने के बाद पास स्थित परयादी कैंप से पहुंचे जवानों ने राहत और बचाव अभियान चलाया. इसके बाद सभी 30 जवानों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है.

कैसी है वहां की स्थिति?

लगातार बारिश का असर पूरे बस्तर संभाग में देखने को मिल रहा है. इंद्रावती नदी का जलस्तर पहले की तुलना में कुछ कम हुआ है लेकिन बीजापुर जिले को महाराष्ट्र और तेलंगाना से जोड़ने वाले कई प्रमुख मार्ग अब भी बंद हैं. कई गांवों का संपर्क भी टूटा हुआ है, जिससे लोगों को आवागमन और जरूरी सामान की आपूर्ति में परेशानी हो रही है. भोपालपत्तनम के तिमेड़ पुल पर इंद्रावती नदी का जलस्तर घटकर 16.80 मीटर दर्ज किया गया है, हालांकि प्रशासन अभी भी सतर्कता बरत रहा है.

वहीं मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में भी भारी बारिश के कारण एक बड़ा हादसा टल गया. हाडीकुंडी क्षेत्र में पिकनिक मनाने गए चार युवक जलस्तर बढ़ने से एक टापू पर फंस गए थे. तेज बहाव और अंधेरा होने के कारण रात में बचाव अभियान शुरू नहीं किया जा सका.

राहत टीम ने क्या लिया एक्शन?

राहत टीम ने पूरी रात युवकों से मोबाइल पर संपर्क बनाए रखा और ड्रोन की मदद से उनके पास भोजन, पेयजल और लाइफ जैकेट पहुंचाई. शुक्रवार सुबह जलस्तर कम होने के बाद होमगार्ड और बचाव दल ने रस्सियों तथा मोटरबोट की सहायता से चारों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया.

लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से नदियों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने तथा मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की अपील की है.