रो-को का नाता केवल क्रिकेट के मैदान तक सीमीत नहीं है. वो टीममेट्स होने के साथ-साथ बहुत अच्छे दोस्त भी हैं. रोहित शर्मा और विराट कोहली ने भारतीय क्रिकेट में लंबा सफर साथ तय किया है. दोनों के अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत करीब एक साल के अंतर से हुई और फिर वे टीम के भरोसेमंद बल्लेबाज बन गए.
इस दौरान कप्तान बदले, भूमिकाएं बदलीं और कई उतार-चढ़ाव आए, लेकिन दोनों की आपसी समझ बनी रही. अब रोहित ने कोहली के साथ अपने रिश्ते और क्रिकेट को लेकर उनकी सोच के बारे में खुलकर बात की है. उन्होंने बताया कि दोनों का लक्ष्य हमेशा टीम की जीत रहा.
रोहित के मुताबिक, दोनों के बीच दोस्ती ऑस्ट्रेलिया दौरे के आसपास मजबूत हुई. लंबे समय तक साथ खेलने के कारण अब दोनों एक-दूसरे को बिना ज्यादा बात किए भी समझ लेते हैं. रोहित ने बताया कि पुराने दौर की कोई तस्वीर या वीडियो सामने आने पर दोनों अक्सर उन पलों को याद करके मुस्कुरा देते हैं. उनके मुताबिक, व्यक्तित्व और खेलने का अंदाज अलग होने के बावजूद दोनों के बीच आपसी समझ काफी मजबूत है.
रोहित ने विराट के भारतीय क्रिकेट में योगदान को महत्वपूर्ण बताया. उनका मानना है कि कप्तानी की जिम्मेदारी संभालने या छोड़ने के बावजूद कोहली के काम करने के तरीके में बड़ा बदलाव नहीं आया. रोहित के अनुसार, वह हमेशा अच्छी तैयारी करने, रन बनाने और टीम को जीत दिलाने की कोशिश करते रहे हैं. यही वजह है कि कप्तानी की भूमिका बदलने के बाद भी दोनों के बीच क्रिकेट को लेकर समझ और तालमेल बना रहा.
विराट कोहली पहले ही 2027 वर्ल्ड कप को अपने करियर का आखिरी मेगा टूर्नामेंट बता चुके हैं. रोहित का कहना है कि इतने अनुभवी खिलाड़ी को विश्व कप के महत्व के बारे में समझाने की जरूरत नहीं है. उनके अनुसार, 2023 हो या 2027, कोहली जैसे खिलाड़ी जानते हैं कि बड़े टूर्नामेंट में किस तरह तैयारी करनी है. दोनों की नजरें टीम के साथ विश्व कप जीतने और भारत के लिए बेहतर प्रदर्शन करने पर हैं.