टी20 सीरीज की हार के बाद भारतीय टीम ने वनडे में दमदार शुरुआत की. एजबेस्टन में खेले जा रहे पहले मुकाबले में इंग्लैंड ने तेज शुरुआत जरूर की लेकिन गुरनूर बरार की शानदार गेंदबाजी ने कुछ ही मिनटों में मैच का पूरा माहौल बदल दिया. इसके बाद भारतीय गेंदबाजों ने इंग्लैंड पर लगातार दबाव बनाए रखा.
इंग्लैंड ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी और बेन डकेट और जैकब बेथेल ने पहले विकेट के लिए अच्छी साझेदारी कर टीम को मजबूत शुरुआत दी. शुरुआती दो ओवरों में गुरनूर बरार महंगे साबित हुए और डकेट ने उनके खिलाफ खुले हाथों से रन बनाए. पहले दो ओवर में बरार ने 26 रन खर्च किए. इसके बाद कप्तान शुभमन गिल ने उन पर भरोसा बनाए रखा और कुछ ओवर बाद फिर गेंद थमाई. यही फैसला भारत के लिए सबसे बड़ा मोड़ साबित हुआ. अपने तीसरे ओवर की दूसरी गेंद पर बरार ने जैकब बेथेल को आउट किया. इसके सिर्फ दो गेंद बाद उन्होंने बेन डकेट को भी पवेलियन भेज दिया. चार गेंदों के भीतर दो विकेट लेकर उन्होंने इंग्लैंड की मजबूत शुरुआत पर ब्रेक लगा दिया.
गुरनूर बरार की दोहरी सफलता के बाद भारतीय गेंदबाज पूरी तरह हावी हो गए. लंबे समय बाद वनडे खेलने उतरे जसप्रीत बुमराह ने कप्तान हैरी ब्रूक को शानदार गेंद पर स्लिप में कैच आउट कराया. इसके बाद प्रसिद्ध कृष्णा ने भी लगातार दो बड़े विकेट लेकर इंग्लैंड की मुश्किलें बढ़ा दीं. उन्होंने जोस बटलर और सैम करन को जल्दी आउट कर मेजबान टीम को संभलने का मौका नहीं दिया. एक समय अच्छी स्थिति में दिख रही इंग्लैंड की टीम देखते ही देखते 80 रन पर अपने पांच विकेट गंवा चुकी थी. भारतीय गेंदबाजों ने लाइन और लेंथ दोनों पर शानदार नियंत्रण रखा और बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया.
इस मुकाबले में शुभमन गिल की कप्तानी भी चर्चा में रही. शुरुआती ओवर महंगे रहने के बावजूद उन्होंने गुरनूर बरार पर भरोसा नहीं छोड़ा. यही भरोसा टीम के लिए सबसे बड़ी सफलता लेकर आया. गुरनूर ने कप्तान के विश्वास को सही साबित करते हुए मैच का रुख भारत की ओर मोड़ दिया. इसके बाद पूरी गेंदबाजी इकाई ने मिलकर इंग्लैंड को लगातार दबाव में रखा.