नई दिल्ली: पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) को लेकर भारत ने एक बार फिर अपना स्पष्ट और पुराना रुख दोहराया है. अमेरिकी अखबार द न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में 'पाकिस्तानी कश्मीर' शब्द का इस्तेमाल किए जाने पर भारत ने कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है. भारत ने इस शब्दावली को भ्रामक और तथ्यात्मक रूप से गलत बताया है. अमेरिका स्थित भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया मंच X पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि 'पाकिस्तानी कश्मीर' जैसी कोई जगह नहीं है, बल्कि यह पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर है. दूतावास ने दोहराया कि जम्मू कश्मीर और लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश भारत के अभिन्न और अविभाज्य हिस्से हैं तथा रहेंगे.
भारतीय दूतावास ने न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट की हेडलाइन पर आपत्ति जताते हुए कहा कि उसमें इस्तेमाल की गई शब्दावली सही नहीं है. दूतावास ने X पर पोस्ट कर स्पष्ट किया कि 'पाकिस्तानी कश्मीर' कहना वास्तविक स्थिति को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है. भारत ने इसे भ्रामक बताते हुए अपने आधिकारिक रुख को दोहराया.
Misleading and incorrect headline by @nytimes. There is no Pakistani Kashmir, only Pakistan occupied Kashmir.
— India in USA (@IndianEmbassyUS) July 29, 2026
The Union Territories of Jammu & Kashmir and Ladakh, have been, are and will always remain an integral and inalienable part of India. Pakistan has illegally occupied…
भारत ने कहा कि जम्मू कश्मीर और लद्दाख के केंद्र शासित प्रदेश पहले भी भारत का हिस्सा थे, आज भी हैं और आगे भी रहेंगे. भारतीय पक्ष के अनुसार पाकिस्तान ने इन क्षेत्रों के कुछ हिस्सों पर अवैध कब्जा कर रखा है और वहां रहने वाले लोगों के खिलाफ हिंसा का इस्तेमाल किया जा रहा है.
यह विवाद न्यूयॉर्क टाइम्स की उस रिपोर्ट के बाद सामने आया, जिसमें पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में हालिया अशांति और स्थानीय निकाय चुनावों का जिक्र किया गया था. रिपोर्ट में बताया गया कि मीरपुर में सुरक्षा बलों और संयुक्त अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) के सदस्यों के बीच झड़प के बाद हिंसा भड़क गई. यह संगठन कथित पुलिस कार्रवाई के विरोध में प्रदर्शन कर रहा था.
सरकारी सूत्रों के अनुसार, पिछले दो दिनों में पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में प्रदर्शनकारियों पर सुरक्षा बलों की कार्रवाई में 30 से अधिक नागरिकों की मौत हुई और 33 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं. बताया गया कि संयुक्त अवामी एक्शन कमेटी की ओर से रावलाकोट से मुजफ्फराबाद तक निकाले गए मार्च के दौरान यह कार्रवाई हुई.
भारत ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में कराए जा रहे स्थानीय निकाय चुनावों पर भी सवाल उठाए हैं. नई दिल्ली ने कहा कि इस तरह के चुनाव पाकिस्तान के अवैध कब्जे को छिपाने और क्षेत्र में कथित गंभीर मानवाधिकार उल्लंघनों से ध्यान हटाने का प्रयास हैं. भारत लगातार यह दोहराता रहा है कि पूरे जम्मू कश्मीर क्षेत्र पर उसका संप्रभु अधिकार है.