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India Daily

LPG संकट से बंद होने की कगार पर देश का होटल उद्योग, लाखों लोगों की रोजी-रोटी पर मंडराया खतरा

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण भारत में कमर्शियल एलपीजी की कमी गहराती जा रही है. कई शहरों में होटल और रेस्तरां बंद होने की चेतावनी दे रहे हैं, जबकि केंद्र सरकार ने आपूर्ति संतुलित करने के लिए आपात कदम उठाए हैं.

Sagar
Edited By: Sagar Bhardwaj
LPG संकट से बंद होने की कगार पर देश का होटल उद्योग, लाखों लोगों की रोजी-रोटी पर मंडराया खतरा
Courtesy: pinterest

देश में कमर्शियल एलपीजी की अचानक कमी ने होटल और रेस्तरां उद्योग को चिंता में डाल दिया है. कई बड़े शहरों में गैस सिलेंडर की सप्लाई बाधित होने से होटल संचालकों ने जल्द ही संचालन बंद करने की चेतावनी दी है. इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेट्रोलियम और विदेश मंत्रियों के साथ बैठक कर हालात की समीक्षा की. उद्योग संगठनों का कहना है कि यदि गैस की आपूर्ति जल्द सामान्य नहीं हुई तो पर्यटन और खानपान से जुड़े लाखों लोगों पर इसका असर पड़ सकता है.

होटल उद्योग में बढ़ी चिंता

देश के कई शहरों में होटल और रेस्तरां संगठनों ने कमर्शियल एलपीजी की कमी को लेकर गंभीर चिंता जताई है. फेडरेशन ऑफ होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया के पदाधिकारियों का कहना है कि पिछले एक सप्ताह में हालात तेजी से बिगड़े हैं. मुंबई, पुणे, नागपुर और औरंगाबाद जैसे शहरों से गैस सप्लाई रुकने की खबरें मिल रही हैं. दिल्ली, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में भी इसी तरह की दिक्कतें सामने आ रही हैं.

सरकार ने लागू किया आपात नियंत्रण

स्थिति को संभालने के लिए केंद्र सरकार ने आवश्यक वस्तु कानून के तहत गैस आपूर्ति को प्राथमिकता देने का फैसला किया है. इसके तहत घरों में पाइप्ड गैस और वाहनों के लिए सीएनजी को सबसे पहले उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है. साथ ही उद्योगों और वाणिज्यिक उपभोक्ताओं को सीमित मात्रा में गैस देने की व्यवस्था की गई है. सरकार का कहना है कि इससे जरूरी क्षेत्रों में आपूर्ति बनाए रखने में मदद मिलेगी.

मध्य पूर्व संकट का सीधा असर

ऊर्जा विशेषज्ञों के अनुसार ईरान, इजराइल और अमेरिका के बीच बढ़ते संघर्ष ने वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर असर डाला है. होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों में रुकावट आने से भारत को मिलने वाली एलपीजी की आपूर्ति प्रभावित हुई है. भारत अपनी कुल जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात से पूरा करता है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय घटनाओं का असर घरेलू बाजार पर तुरंत दिखने लगा है.

होटल और रेस्तरां पर मंडरा रहा संकट

मुंबई, बेंगलुरु और चेन्नई जैसे शहरों में होटल एसोसिएशनों ने चेतावनी दी है कि अगर गैस सप्लाई जल्द बहाल नहीं हुई तो कई रेस्तरां बंद करने पड़ सकते हैं. कुछ स्थानों पर होटल मालिकों ने मेन्यू सीमित करना और पकाने में अधिक समय लेने वाले व्यंजन हटाना शुरू कर दिया है. उद्योग प्रतिनिधियों का कहना है कि यह संकट लंबे समय तक रहा तो पर्यटन और रोजमर्रा के भोजन पर निर्भर लाखों लोगों को परेशानी हो सकती है.

सरकार ने तोड़ी चुप्पी

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा है कि उसने घरेलू मांग को पूरा करने के लिए तेल रिफाइनरियों को एलपीजी का उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए हैं. मंत्रालय ने जमाखोरी और कालाबाजी को रोकने के लिए एलपीजी रिफिल के लिए 25 दिन की इंटर-बुकिंग अवधि शुरू की है.

अधिकारियों ने बताया अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों जैसे आवश्यक क्षेत्रों को आयातित एलपीजी की आपूर्ति में प्राथमिकता दी जा रही है. वहीं होटलों और रेस्तरां सहित विभिन्न उद्योगों से आ रही गैस की डिमांड की समीक्षा के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की एक समिति गठित की गई है.

वहीं मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने हाल ही में कहा कि भारत की ऊर्जा आपूर्ति स्थिर बनी हुई है और उन्होंने आश्वासन दिया कि चिंता की कोई गुंजाइश नहीं है साथ ही कहा कि होर्मूज जलडमरूमध्य के बाहर के मार्गों से आयात बिना किसी रुकावट के जारी है.