नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर में एक बार फिर प्रवासी मजदूर आतंकियों के निशाने पर आ गए हैं. दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले के केल्लम इलाके में शुक्रवार को हुई गोलीबारी में एक मजदूर की जान चली गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया. घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा एजेंसियों ने सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है. अमरनाथ यात्रा के दौरान हुए इस हमले ने सुरक्षा व्यवस्था और आतंकवाद की चुनौती को लेकर नई चिंता पैदा कर दी है.
दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले के केल्लम क्षेत्र में आतंकवादियों ने गैर-कश्मीरी मजदूरों पर अचानक फायरिंग कर दी. गोली लगने से दोनों मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए. स्थानीय लोगों और सुरक्षा बलों की मदद से उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया. डॉक्टरों ने एक मजदूर को मृत घोषित कर दिया, जबकि दूसरे का इलाज जारी है.
प्रशासन के अनुसार मृतक की पहचान दीपक के रूप में हुई है, जो छत्तीसगढ़ के निवासी थे. वहीं घायल मजदूर भूपेंद्र उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं. प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें अनंतनाग के अस्पताल रेफर किया गया. डॉक्टर लगातार उनकी हालत पर नजर बनाए हुए हैं.
हमले की सूचना मिलते ही सेना, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी. संदिग्ध आतंकवादियों की तलाश के लिए व्यापक तलाशी अभियान चलाया जा रहा है. अधिकारियों का कहना है कि हमलावरों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए सभी उपलब्ध सुरागों पर तेजी से काम किया जा रहा है.
जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ समय से गैर-कश्मीरी मजदूरों और बाहरी लोगों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है. इससे पहले भी निर्माण कार्यों में लगे मजदूरों पर हमले हो चुके हैं. हाल के दिनों में अनंतनाग में एक पुलिसकर्मी पर भी आतंकी हमला हुआ था. यह घटना सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चुनौती मानी जा रही है.
यह हमला ऐसे समय हुआ है, जब अमरनाथ यात्रा जारी है और घाटी में हजारों श्रद्धालु मौजूद हैं. घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई है. संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं. प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि आतंकियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और यात्रियों व नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी.