menu-icon
India Daily

सीआईएसएफ की पहली महिला एवरेस्ट विजेता बनीं गीता सामोता, सम्मान समारोह में हुआ भव्य अभिनंदन

संस्कृत संस्कृति संवर्धन संस्थान, जयपुर के दिल्ली कार्यालय में सीआईएसएफ की सब-इंस्पेक्टर और एवरेस्टर गीता सामोता का भव्य अभिनंदन किया गया. गीता सामोता माउंट एवरेस्ट फतह करने वाली सीआईएसएफ की पहली महिला अधिकारी हैं. उन्होंने विश्व के पांच महाद्वीपों की सर्वोच्च चोटियों पर विजय प्राप्त की है और सबसे तेज़ी से सेवन समिट अभियान में प्रगति करने वाली महिला पर्वतारोही के रूप में रिकॉर्ड कायम किया है.

Kuldeep Sharma
Edited By: Kuldeep Sharma
सीआईएसएफ की पहली महिला एवरेस्ट विजेता बनीं गीता सामोता, सम्मान समारोह में हुआ भव्य अभिनंदन
Courtesy: WEB

सीआईएसएफ की सब-इंस्पेक्टर गीता सामोता ने अपने साहस और संकल्प से वह कर दिखाया है, जो किसी भी भारतीय महिला के लिए प्रेरणास्रोत है. उन्होंने अब तक माउंट एवरेस्ट सहित पांच महाद्वीपों की सबसे ऊँची चोटियों को फतह कर लिया है. इनमें ऑस्ट्रेलिया की माउंट कोसियसजको, रूस की माउंट एल्ब्रस, तंजानिया की माउंट किलिमंजारो और अर्जेंटीना की माउंट एकांकागुआ शामिल हैं. उन्होंने इन चोटियों पर मात्र 6 महीने और 27 दिन के भीतर विजय प्राप्त कर, सेवन समिट अभियान में सबसे तेज़ी से आगे बढ़ने वाली महिला पर्वतारोही का खिताब अपने नाम किया है.

गीता सामोता की इस अद्वितीय उपलब्धि के लिए उन्हें भारत के राष्ट्रपति द्वारा प्रशंसा पत्र भी प्रदान किया गया है. इसके अलावा, उन्हें दिल्ली महिला आयोग द्वारा अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पुरस्कार 2023 से और नागरिक उड्डयन मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा "गिविंग विंग्स टू अवार्ड 2023" से भी सम्मानित किया जा चुका है. इन सम्मानों के माध्यम से गीता के जज़्बे और मेहनत को सराहा गया है.

संस्थान ने किया भव्य सम्मान समारोह का आयोजन

संस्कृत संस्कृति संवर्धन संस्थान, जयपुर के दिल्ली स्थित कार्यालय में गीता सामोता के सम्मान में एक विशेष समारोह आयोजित किया गया. इस अवसर पर संस्थान संयोजक पंडित मदनमोहन शास्त्री ने कहा कि गीता की उपलब्धियाँ न केवल संस्था के लिए बल्कि पूरे देश के लिए गर्व की बात हैं. समारोह में संस्थान के कई सदस्य और गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे, जिनमें गिरीश चंद्र थपलियाल, धनवीर सिंह मलिक, सूर्य कुमार झा, अजय कुमार मिश्र, योगेश चंद सुगंध, चंद्रकांत शर्मा और आशीष शर्मा प्रमुख रूप से शामिल थे. सभी ने गीता सामोता को पुष्पगुच्छ, शॉल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया.