Arvind Kejriwal Bail Plea: दिल्ली हाई कोर्ट में शराब नीति घोटाले से संबंधित सीबीआई मामले में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की जमानत की मांग करने वाली याचिका पर आज यानी शुक्रवार को सुनवाई हुई. इस दौरान कोर्ट ने सीबीआई से जवाब मांगा. मामले की सुनवाई अब 17 जुलाई को होगी.
केजरीवाल को पहले शराब नीति मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत गिरफ्तार किया था. हालांकि 20 जून को PMLA मामले में ट्रायल कोर्ट ने उन्हें जमानत दे दी थी, लेकिन 25 जून को दिल्ली हाई कोर्ट ने इस आदेश पर रोक लगा दी थी. PMLA मामले में न्यायिक हिरासत में रहने के दौरान 26 जून को सीबीआई ने अरविंद केजरीवाल को गिरफ्तार किया था.
मामले में आज हुई सुनवाई के दौरान दिल्ली हाईकोर्ट ने सीबीआई से जवाब मांगा है. केजरीवाल की ओर से सीनियर वकील अभिषेक मनु सिंघवी हाई कोर्ट में पेश हुए. उन्होंने कहा कि वे (अरविंद केजरीवाल) कोई घोषित अपराधी या आतंकवादी नहीं है. सीबीआई ने इस मामले में दो साल बाद केजरीवाल को गिरफ्तार किया है. इससे पहले केजरीवाल से 2023 में सीबीआई ने 9 घंटे पूछताछ की थी.
सीबीआई की ओर से हाई कोर्ट में पेश वकील डीपी सिंह ने केजरीवाल की जमानत का विरोध किया. उन्होंने कहा कि जमानत याचिका के लिए पहली कोर्ट, ट्रायल कोर्ट होनी चाहिए थी. इस पर हाई कोर्ट ने पूछा कि ट्रायल कोर्ट में कोई जमानत याचिका दायर नहीं की गई है? जिसका जवाब देते हुए डीपी से ने न कहा. फिर कोर्ट ने कहा कि हो सकता है कि आपको वहां लाभ मिले, सफलता मिले. कोर्ट ने पूछा कि आप सीधे हाई कोर्ट आ गए, जमानत के लिए ट्रायल कोर्ट क्यों नहीं गए?
जमानत के लिए दायर की गई याचिका में अरविंद केजरीवाल की ओर से दावा किया गया है कि उन्हें परेशान किया जा रहा है. जांच का हवाला देकर उन्हें लगातार प्रताड़ित किया जा रहा है. उन्होंने याचिका में सीबीआई पर दुर्भावना से ग्रस्त होकर कार्रवाई करने का भी आरोप लगाया. साथ ही कहा कि केंद्रीय एजेंसियों को निष्पक्ष जांच करना चाहिए. उन्होंने याचिका में ये भी कहा है कि 2023 में उन्होंने पूछताछ और जांच में पूरा सहयोग किया था.