नई दिल्ली: देर रात सरकार के प्रतिनिधियों और CJP नेताओं के बीच कई घंटे तक चली बैठक के बाद पार्टी ने प्रदर्शनकारियों को लेकर बड़ा दावा किया है. CJP का कहना है कि सरकार ने विभिन्न राज्यों में ऐसे नोटिफिकेशन जारी कराने का भरोसा दिया है, जिनसे प्रदर्शनकारियों को कानूनी कार्रवाई से राहत मिल सके. बैठक के बाद मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि सरकार ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज मामलों को वापस लेने, हिरासत में लिए गए लोगों को रिहा करने और अन्य राज्यों में भी इसी तरह के सुरक्षा उपाय लागू करने की प्रतिबद्धता दोहराई है.
सौरव दास के मुताबिक, प्रेस कॉन्फ्रेंस के कुछ घंटे बाद सरकार के प्रतिनिधियों ने CJP नेताओं से मुलाकात की. यह बैठक करीब दो से तीन घंटे तक चली. इस दौरान बिहार और असम सरकार की ओर से जारी उन दस्तावेजों की प्रतियां साझा की गईं, जिनमें प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस लेने, भविष्य में कार्रवाई नहीं करने और हिरासत में लिए गए लोगों की रिहाई का उल्लेख किया गया है.
बैठक के बाद सौरव दास ने कहा कि सरकार ने भरोसा दिया है कि केंद्र सरकार और अन्य भाजपा एवं एनडीए शासित राज्यों की ओर से भी इसी तरह के नोटिफिकेशन जारी करने की दिशा में काम किया जाएगा. उन्होंने कहा कि पार्टी यह सुनिश्चित करने का प्रयास जारी रखेगी कि किसी भी प्रदर्शनकारी को कानूनी कार्रवाई का सामना न करना पड़े. उनका कहना था कि 'कोई प्रदर्शनकारी अकेला नहीं छोड़ा जाएगा.'
#Important: 1 AM update.
Hours after our press conference, Government’s representatives met us. The meeting lasted for 2-3 hours. They shared copies of the Bihar and Assam notifications guaranteeing FIR withdrawals, no action in future, and release of all detainees and… pic.twitter.com/G7WcHHcfAs— Saurav Das (@SauravDassss) July 27, 2026Also Read
इससे पहले सोमवार को CJP ने आरोप लगाया था कि बातचीत के दौरान हुए समझौते का पूरी तरह पालन नहीं किया जा रहा है. पार्टी के प्रवक्ता आशीष रांका ने दावा किया कि कुछ राज्यों में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई जारी है. उन्होंने सभी एफआईआर वापस लेने, हिरासत में लिए गए छात्रों को रिहा करने और भविष्य में नए मामले दर्ज नहीं करने की मांग की थी. साथ ही चेतावनी दी थी कि मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन फिर शुरू किया जा सकता है.
देर रात जारी एक अन्य बयान में सौरव दास ने कहा कि बिहार और असम के बाद राजस्थान को लेकर भी आश्वासन मिला है. उनके अनुसार, पार्टी को बताया गया है कि राजस्थान में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होगी और न ही कोई एफआईआर दर्ज की जाएगी. उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों में भी इसी तरह के स्पष्ट नोटिफिकेशन जारी कराने के लिए प्रयास जारी हैं.
CJP का कहना है कि फिलहाल सरकार के आश्वासनों के बाद नए विरोध प्रदर्शन का निर्णय टाल दिया गया है. पार्टी ने दोहराया कि वह शुरुआत से प्रदर्शनकारियों के साथ खड़ी रही है और आगे भी उनकी सुरक्षा सुनिश्चित कराने के लिए सरकार के साथ बातचीत जारी रखेगी. पार्टी का कहना है कि उसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी प्रदर्शनकारी को भविष्य में कानूनी परेशानी का सामना न करना पड़े.