मुंबई: बॉलीवुड के दिग्गज एक्टर परेश रावल ने अपने लंबे करियर में हर तरह के किरदार निभाए हैं. चाहे कॉमेडी हो, विलेन का रोल हो या फिर गंभीर किरदार, परेश रावल ने हर बार अपने टैलेंट का लोहा मनवाया है. लेकिन उनकी असली जिंदगी की एक कहानी ऐसी है जो किसी सुपरहिट बॉलीवुड फिल्म की स्क्रिप्ट से कम नहीं लगती. 30 मई को अपना 71वां जन्मदिन मना रहे परेश रावल की लव स्टोरी आज भी लोगों को हैरान करती है. उनकी और उनकी पत्नी स्वरूप संपत की लव स्टोरी में प्यार, भरोसा और आत्मविश्वास की ऐसी मिसाल देखने को मिलती है जो बेहद खास है.
यह कहानी साल 1975 की है. उस समय परेश रावल युवा थे और थिएटर की दुनिया में अपने कदम जमा रहे थे. एक कॉलेज ड्रामा प्रतियोगिता के दौरान उनकी नजर पहली बार स्वरूप संपत पर पड़ी. कहा जाता है कि स्वरूप को देखते ही परेश रावल उन्हें अपना दिल दे बैठे. इतना ही नहीं उन्होंने उसी समय मन बना लिया था कि अगर शादी करेंगे तो इसी लड़की से करेंगे.
पहली मुलाकात के बाद परेश रावल ने अपने दोस्त महेंद्र जोशी से कहा था कि यह लड़की एक दिन उनकी पत्नी बनेगी. जब दोस्त ने बताया कि स्वरूप उनके बॉस की बेटी हैं तब भी परेश रावल अपने फैसले से पीछे नहीं हटे. उन्होंने पूरे विश्वास के साथ कहा कि चाहे वह किसी की भी बेटी हों वह शादी तो उन्हीं से करेंगे. आज के दौर में लोग रिश्ते को समझने और परखने में सालों लगा देते हैं लेकिन परेश रावल ने सिर्फ 3 महीने में स्वरूप संपत को शादी के लिए प्रपोज कर दिया था.
उनका प्रपोज करने का अंदाज भी बिल्कुल अलग था. उन्होंने सीधे कहा कि वह उनसे शादी करना चाहते हैं. साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि उनसे यह मत कहा जाए कि पहले एक दूसरे को जान लेते हैं क्योंकि किसी इंसान को पूरी तरह जानना जिंदगी भर में भी संभव नहीं है. उनकी यह साफ बातें और आत्मविश्वास स्वरूप को पसंद आया. हालांकि उन्होंने जवाब देने के लिए थोड़ा समय लिया लेकिन बाद में उन्होंने हां कह दिया.
एक दूसरे को समझने और साथ समय बिताने के बाद दोनों ने अपने रिश्ते को आगे बढ़ाने का फैसला किया. कई सालों तक साथ रहने के बाद साल 1987 में परेश रावल और स्वरूप संपत ने शादी कर ली. उनकी शादी बॉलीवुड की सबसे सफल और स्थायी शादियों में गिनी जाती है. आज भी दोनों एक दूसरे के साथ खुशहाल जीवन बिता रहे हैं और अक्सर उनकी जोड़ी को इंडस्ट्री में मिसाल के तौर पर देखा जाता है.