तीन लग्जरी कार...618,625 कैश, पुलिस के हत्थे चढ़ा 'करोड़पति भिखारी', रमजान में भिखारियों के खिलाफ चलाए एक्शन में खुलासा
दुबई पुलिस ने रमजान के दौरान एक ऐसे भिखारी को गिरफ्तार किया है जिसके पास तीन लग्जरी कारें और बड़ी रकम मिली है. जांच में सामने आया कि वह भावनात्मक कहानियां सुनाकर लोगों से पैसे इकट्ठा करता था.
रमजान के पवित्र महीने में जब लोग दान और मदद के लिए आगे आते हैं, उसी समय दुबई पुलिस ने एक चौंकाने वाला मामला उजागर किया है. पुलिस ने एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जो भीख मांगकर बड़ी संपत्ति जमा कर चुका था. उसके पास तीन महंगी कारें और भारी नकदी मिली. अधिकारियों के अनुसार, वह दिन में भिखारी बनता और शाम को आलीशान जीवन जीता था. यह कार्रवाई व्यापक एंटी-भिखारी अभियान का हिस्सा है.
दिन में भिखारी, रात में रईस
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी दिन के उजाले में खुद को थका और मजबूर दिखाकर लोगों से मदद मांगता था. जैसे ही उसका दिन का 'काम' खत्म होता, वह कपड़े बदलकर अलग रूप में अपनी महंगी कार में बैठकर चला जाता. जांच में सामने आया कि वह लोगों की भावनाओं को भुनाने में माहिर था और रोजाना अच्छी-खासी रकम जुटा लेता था.
ब्रिगेडियर अली अल शम्सी ने बताया कि आरोपी काल्पनिक कहानियां गढ़कर लोगों को दान देने के लिए प्रेरित करता था. वह बीमारी, कर्ज और पारिवारिक संकट जैसी बातें कहकर सहानुभूति हासिल करता. पुलिस को उसके पास से बड़ी मात्रा में नकदी बरामद हुई. एक अन्य मामले में एक व्यक्ति के पास 25,000 दिरहम मिले, फिर भी वह भीख मांगता रहा.
रमजान में सख्त अभियान
दुबई पुलिस ने रमजान के पहले सप्ताह में ही 26 से अधिक भिखारियों को पकड़ा है. यह कार्रवाई ‘कॉनशस सोसाइटी, फ्री ऑफ बेगिंग’ अभियान के तहत की जा रही है. इस अभियान में रेजिडेंसी और विदेशी मामलों के विभाग तथा इस्लामिक अफेयर्स विभाग भी शामिल हैं. उद्देश्य है कि शहर की छवि सुरक्षित रहे और जरूरतमंदों तक मदद सही माध्यम से पहुंचे. संयुक्त अरब अमीरात में भीख मांगना कानूनन अपराध है. संघीय कानून नंबर 9, 2018 के तहत दोषी पाए जाने पर तीन महीने की जेल और 5,000 दिरहम का जुर्माना हो सकता है. यदि कोई गिरोह बनाकर भीख मंगवाता है या विदेश से लोगों को बुलाता है, तो सजा छह महीने तक की जेल और 100,000 दिरहम तक का जुर्माना हो सकता है.
विजिट वीजा का दुरुपयोग
अधिकारियों का कहना है कि पकड़े गए लगभग 90 प्रतिशत भिखारी विजिट वीजा पर देश में आए थे. वे रमजान के दौरान लोगों की उदारता का फायदा उठाने की कोशिश करते हैं. पुलिस का मानना है कि यह संगठित गतिविधि हो सकती है, इसलिए इस पर लगातार नजर रखी जा रही है. दुबई पुलिस ने नागरिकों को ऑनलाइन भीख मांगने वाले संदेशों से भी सतर्क रहने को कहा है. सोशल मीडिया और वेबसाइटों पर फैल रहे अपील संदेशों पर भरोसा न करने की सलाह दी गई है. लोगों से कहा गया है कि संदिग्ध मामलों की सूचना टोल-फ्री नंबर 901 या ‘पुलिस आई’ ऐप के जरिए दें.
समाज से सहयोग की अपील
अधिकारियों ने कहा कि असली जरूरतमंदों की मदद मान्यता प्राप्त चैरिटी संस्थाओं के माध्यम से ही की जानी चाहिए. पुलिस ने स्पष्ट किया कि दान की भावना का सम्मान है, लेकिन उसका दुरुपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. यह अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि समाज को भिखारियों और ठगों से मुक्त रखा जा सके.