नई दिल्ली: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना देश के करोड़ों छोटे और सीमांत किसानों के लिए आर्थिक सहारा बन चुकी है. 13 मार्च 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुवाहाटी से 22वीं किस्त जारी की, जिसमें 9 करोड़ से ज्यादा किसान परिवारों को लाभ पहुंचा. अब सभी की नजर अगली किस्त पर टिकी हुई है. इस योजना से हर साल 6000 रुपये की मदद मिलती है, जो खेती-किसानी के खर्चों में बड़ी राहत देती है.
योजना की किस्तें हर चार महीने के अंतराल पर आती हैं. 22वीं किस्त मार्च में जारी होने के बाद 23वीं किस्त जुलाई 2026 के आसपास किसानों के खातों में पहुंच सकती है. हालांकि सरकार ने अभी कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की है. डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए 2000 रुपये सीधे बैंक अकाउंट में आएंगे.
अगली किस्त पाने के लिए सभी पात्र किसानों को अपनी ई-केवाईसी और भूमि सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करनी होगी. अगर ये काम बाकी है तो तुरंत निपटा लें. इससे किस्त आने में कोई दिक्कत नहीं होगी और खेती के नए मौसम की तैयारी आसान हो जाएगी.
नए किसान pmkisan.gov.in वेबसाइट पर जाकर 'New Farmer Registration' विकल्प चुन सकते हैं. आवेदन से पहले आधार कार्ड, बैंक पासबुक और जमीन के कागजात जैसे खतौनी तैयार रखें. पूरी जानकारी भरकर फॉर्म सबमिट करें.
वेबसाइट पर व्यक्तिगत विवरण, मोबाइल नंबर और बैंक अकाउंट की जानकारी भरें. जमीन का पूरा ब्यौरा सही-सही दर्ज करें. फॉर्म सबमिट करने के बाद सत्यापन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है, जो कुछ दिनों में पूरी हो जाती है.
सभी दस्तावेजों के सत्यापन के बाद आपको योजना का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा. इसके बाद हर चार महीने में 2000 रुपये की किस्त अपने बैंक खाते में प्राप्त कर सकते हैं. नियमित रूप से वेबसाइट चेक करते रहें.
कई किसान अनजाने में अपात्रता की श्रेणी में आ जाते हैं और उन्हें लाभ नहीं मिल पाता. यदि परिवार का कोई सदस्य सरकारी पेंशन ले रहा है, इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करता है या परिवार में एक से अधिक व्यक्ति लाभ ले रहे हैं, तो वे इस योजना के लिए पात्र नहीं माने जाते. ऐसे मामलों में किस्त स्वतः ही रोक दी जाती है. पात्रता के मानकों को समझना जरूरी है ताकि भविष्य में किसी कानूनी उलझन या वसूली से बचा जा सके.