नई दिल्ली: लैपटॉप यूजर्स के लिए स्क्रीन और बॉडी की सुरक्षा एक बड़ा सवाल है. दिन-प्रतिदिन के इस्तेमाल में छोटे-छोटे हादसे जैसे गिरना, दबना या तेज़ झटका लगना आम हैं. ऐसे में कई लोग कवर या टेम्पर्ड ग्लास लगाने की सलाह देते हैं. यह सवाल अक्सर उठता है कि क्या स्क्रीन को सुरक्षित रखने के लिए केवल कवर काफी है या टेम्पर्ड ग्लास ज्यादा फायदेमंद रहेगा. विशेषज्ञ बताते हैं कि दोनों के अपने फायदे और नुकसान हैं. आज के डिजिटल जमाने में, लैपटॉप हमारे काम, पढ़ाई और मनोरंजन का हिस्सा बन चुका है. इसकी सुरक्षा को हल्के में लेना नुकसानदेह हो सकता है.
कवर और टेम्पर्ड ग्लास अलग-अलग तरीके से सुरक्षा प्रदान करते हैं. सही प्रोटेक्शन का चुनाव करना महत्वपूर्ण है ताकि स्क्रीन क्रैक या बॉडी डैमेज जैसी समस्याओं से बचा जा सके और लंबे समय तक लैपटॉप का इस्तेमाल आराम से किया जा सके.
लैपटॉप कवर बाहरी बॉडी को स्क्रैच, धूल और हल्के झटकों से बचाता है. यह हल्का, सस्ता और आसानी से लगाया जा सकता है. खासकर यात्रा के दौरान या बैग में रखते समय कवर मदद करता है. हालांकि, कवर केवल बॉडी की सुरक्षा करता है और स्क्रीन को सीधे शॉक से नहीं बचा सकता. इसलिए स्क्रीन के लिए अलग उपाय जैसे टेम्पर्ड ग्लास की जरूरत पड़ती है.
टेम्पर्ड ग्लास स्क्रीन को क्रैश, स्क्रैच और डस्ट से बचाता है. यह स्क्रीन पर एक मजबूत लेयर बना देता है जो छोटे-से-छोटे झटके को झेल सकता है. हल्की गिरावट या उंगली के प्रेशर से स्क्रीन टूटने का खतरा काफी कम हो जाता है. ध्यान रखें कि गलत फिटिंग या पतली क्वालिटी वाला ग्लास स्क्रीन को नुकसान भी पहुंचा सकता है.
कवर स्क्रीन को नहीं बचाता लेकिन बॉडी को सुरक्षित रखता है. टेम्पर्ड ग्लास स्क्रीन को बचाता है लेकिन भारी झटका या पूरी गिरावट से बचाव की गारंटी नहीं देता. दोनों का सही इस्तेमाल करना जरूरी है. बेहतर होगा कि यात्रा या बाहर इस्तेमाल के लिए कवर और स्क्रीन के लिए टेम्पर्ड ग्लास दोनों का उपयोग किया जाए.
टेम्पर्ड ग्लास चुनते समय स्क्रीन साइज और क्वालिटी देखें. कवर के लिए हल्का, मजबूत और स्लिप-प्रूफ मैटेरियल चुनें. प्रोटेक्शन के साथ-साथ स्टाइल और वजन पर भी ध्यान दें. सही विकल्प लैपटॉप की उम्र बढ़ाने और महंगी रिपेयर से बचाने में मदद करेगा.