हल्द्वानी: उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर में तेज रफ्तार ट्रकों की वजह से दो दर्दनाक हादसे हुए जिनमें एक 14 साल की लड़की और रोडवेज के एक ड्राइवर की जान चली गई. इन बैक-टू-बैक हादसों के बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया. प्रशासन की लापरवाही से नाराज लोगों ने सड़कों पर उतरकर जमकर विरोध प्रदर्शन किया पथराव किया और करीब एक किलोमीटर लंबा चक्काजाम कर दिया. स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ी.
पहला हादसा रविवार देर रात गौलापार इलाके के पास हुआ. काठगोदाम रोडवेज डिपो में काम करने वाले 44 वर्षीय ड्राइवर अजय सिंह कुंजवाल ड्यूटी खत्म करके अपने घर लौट रहे थे. इसी दौरान चोरगलिया की तरफ से आ रहे एक अनियंत्रित ट्रक ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी. टक्कर इतनी भीषण थी कि वह काफी दूर जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए. आसपास के लोग उन्हें तुरंत अस्पताल ले गए लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ट्रक को जब्त कर लिया और ड्राइवर को हिरासत में ले लिया है.
इस घटना के कुछ ही घंटों बाद दूसरा बड़ा हादसा शनि बाजार रोड पर हुआ. यहां एक तेज रफ्तार ट्रक ने स्कूटी सवार दो लड़कियों को टक्कर मार दी. इस हादसे में 14 वर्षीय हादिया की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई जबकि उसकी चचेरी बहन को मामूली चोटें आईं. हादिया गर्मियों और ईद की छुट्टियों में अपनी मां के साथ हल्द्वानी आई हुई थी और उसके पिता दुबई में काम करते हैं. इस मासूम बच्ची की मौत की खबर फैलते ही सैकड़ों स्थानीय लोग और व्यापारी इकट्ठा हो गए और उनका गुस्सा फूट पड़ा.
गुस्साई भीड़ ने हादसे के जिम्मेदार ट्रक को घेर लिया, पत्थरों से उसके शीशे तोड़ दिए और पुलिस के आने से पहले ड्राइवर की पिटाई भी कर दी. स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह सड़क बेहद संकरी और भीड़भाड़ वाली है फिर भी प्रशासन यहाँ भारी वाहनों को आने की इजाजत देता है. लोगों ने कहा कि वे पहले भी कई बार बड़े कमर्शियल वाहनों पर रोक लगाने और स्पीड ब्रेकर बनाने की मांग कर चुके हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई. फिलहाल पुलिस के आला अधिकारियों ने सूझबूझ से भीड़ को शांत कराया और यातायात को सुचारू रूप से शुरू करवाया.