देहरादून: 21 जून को मनाए जाने वाले अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के सफल आयोजन के लिए देहरादून जिला प्रशासन ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं. विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित करते हुए जिम्मेदारियां तय कर दी गई हैं, ताकि कार्यक्रम का संचालन सुचारू और व्यवस्थित ढंग से किया जा सके.
योग दिवस को केवल एक औपचारिक आयोजन तक सीमित न रखते हुए इसे जनआंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं. योग दिवस की तैयारियों की समीक्षा के लिए आयोजित बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) के.के. मिश्रा ने सभी विभागों को आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए.
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में 19 जून को पुलिस लाइन, रेसकोर्स में रन फॉर योग कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा. जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी ने बैठक में जानकारी देते हुए बताया कि इस कार्यक्रम में प्रदेश के कई प्रमुख जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी भाग लेंगे.
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, मेयर सौरभ थपलियाल, आयुष एवं आयुष शिक्षा मंत्री मदन कौशिक, धर्मपुर विधायक विनोद चमोली, आयुष सचिव रंजना राजगुरु, अपर सचिव विजय कुमार जोगदंडे तथा जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहेंगे. इसके अलावा लगभग 770 से अधिक प्रतिभागियों के शामिल होने की संभावना है.
रन फॉर योग का शुभारंभ पुलिस मैदान, रेसकोर्स से किया जाएगा. यह दौड़ निर्धारित मार्ग से होते हुए त्यागी रोड के रास्ते पुनः पुलिस मैदान पहुंचकर संपन्न होगी. कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य लोगों को योग के प्रति जागरूक करना और नियमित योगाभ्यास को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित करना है. प्रशासन का मानना है कि इस तरह के आयोजनों से युवाओं और आम नागरिकों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ेगी तथा स्वस्थ जीवनशैली को अपनाने की प्रेरणा मिलेगी.
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का मुख्य कार्यक्रम 21 जून को आयोजित किया जाएगा. इस अवसर पर सुबह 7 बजे से 8 बजे तक परेड ग्राउंड स्थित बहुउद्देशीय क्रीड़ा हॉल में सामूहिक योगाभ्यास कराया जाएगा. इसमें विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी, छात्र, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और आम नागरिक भाग लेंगे. कार्यक्रम के दौरान कॉमन योग प्रोटोकॉल के तहत विभिन्न योगासन और प्राणायाम कराए जाएंगे. इसका उद्देश्य लोगों को योग की वैज्ञानिक उपयोगिता और स्वास्थ्य लाभों के बारे में जागरूक करना है.