उत्तराखंड में लंबे समय से लंबित जमरानी बहुउद्देशीय बांध परियोजना अब धरातल पर उतरने की दिशा में आगे बढ़ रही है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया पर साझा किए गए संदेश में कहा कि डबल इंजन सरकार ने इस महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति प्रदान कर विकास के नए अध्याय की शुरुआत की है.
मुख्यमंत्री के अनुसार, यह परियोजना केवल एक बांध तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे जल संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित होगा और क्षेत्र के समग्र विकास को नई गति मिलेगी. सीएम धामी ने इसे प्रदेश के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी होने की दिशा में बड़ा कदम बताया.
सरकार का कहना है कि जमरानी बहुउद्देशीय बांध परियोजना के पूरा होने के बाद कृषि क्षेत्र को सबसे अधिक लाभ मिलेगा. सिंचाई के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध होने से किसानों को राहत मिलेगी और खेती की उत्पादकता बढ़ाने में मदद मिलेगी. इसके साथ ही कई क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति व्यवस्था भी मजबूत होने की उम्मीद है. जल प्रबंधन की बेहतर व्यवस्था से भविष्य में पानी की उपलब्धता को लेकर आने वाली चुनौतियों से निपटने में भी सहायता मिलेगी. सरकार का मानना है कि यह परियोजना जल संरक्षण और संसाधनों के संतुलित उपयोग की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी.
वर्षों से लंबित जमरानी बहुउद्देशीय बांध परियोजना को हमारी डबल इंजन सरकार द्वारा स्वीकृति प्रदान की गई है। निश्चित तौर पर यह परियोजना सिंचाई, पेयजल और जल प्रबंधन को सुदृढ़ करने के साथ-साथ क्षेत्र के विकास को नई गति देगी।
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) July 21, 2026
इस महत्वपूर्ण परियोजना का धरातल पर उतरना विकास के प्रति… pic.twitter.com/ZpOTQMtvcn
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि परियोजना के धरातल पर उतरने से क्षेत्र में आधारभूत ढांचे के विकास को बढ़ावा मिलेगा. इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर में तेजी आएगी. बेहतर जल उपलब्धता का लाभ कृषि, ग्रामीण क्षेत्रों और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मिलेगा. सरकार का उद्देश्य इस परियोजना के माध्यम से लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाना और क्षेत्र के विकास को दीर्घकालिक आधार देना है.
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि वर्षों से लंबित इस परियोजना को आगे बढ़ाना सरकार के विकास के प्रति दृढ़ संकल्प और जनहित में किए जा रहे निरंतर प्रयासों का प्रमाण है. उन्होंने विश्वास जताया कि जमरानी बहुउद्देशीय बांध परियोजना उत्तराखंड के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और आने वाले वर्षों में इसका लाभ बड़ी आबादी तक पहुंचेगा.