नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहली उड़ान शुरू होने का दिन सिर्फ हवाई सेवाओं की शुरुआत तक सीमित नहीं रहा. यह उन किसानों और परिवारों के लिए भी खास पल बना, जिनकी जमीन पर यह बड़ा प्रोजेक्ट खड़ा हुआ और जिन्होंने विकास को करीब से देखा.
सोमवार को जेवर एयरपोर्ट से पहली उड़ान संचालन शुरू होने के साथ 170 किसानों को भी खास अनुभव मिला. ये सभी किसान उस क्षेत्र से जुड़े हैं, जिनकी जमीन एयरपोर्ट निर्माण के लिए ली गई थी. इंडिगो की फ्लाइट से नोएडा से लखनऊ पहुंचे किसानों के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दे रही थी. कई किसानों ने पहली बार विमान में सफर किया. उनके लिए यह केवल यात्रा नहीं, बल्कि विकास की उस कहानी का हिस्सा बनना था, जिसे उन्होंने अपनी आंखों के सामने आकार लेते देखा है.
लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम के दौरान डॉक्टर हीरा राशिद ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को धन्यवाद देते हुए भावुक शब्दों में अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि जिस जमीन पर उनके पिता खेती किया करते थे, आज उसी जमीन से उड़ान भरकर मुख्यमंत्री से मिलने पहुंचना गर्व का विषय है. उन्होंने बताया कि पहले इलाके में बुनियादी सुविधाओं की कमी थी, लेकिन एयरपोर्ट परियोजना के बाद तेजी से विकास हुआ. उन्होंने बिना किसी कोचिंग के नीट परीक्षा पास करने का जिक्र करते हुए कहा कि क्षेत्र में आए बदलाव ने युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर दिया है. उनकी बातों पर सभागार तालियों से गूंज उठा.
जेवर एयरपोर्ट को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास का बड़ा केंद्र माना जा रहा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि एयरपोर्ट बनने के बाद इलाके में सड़क, इंटरनेट, रोजगार और अन्य सुविधाओं में तेजी से सुधार हुआ है. किसानों ने माना कि यह परियोजना उनके क्षेत्र के लिए नई पहचान लेकर आई है. एयरपोर्ट के शुरू होने से व्यापार, पर्यटन और निवेश को भी बढ़ावा मिलेगा. स्थानीय परिवारों को उम्मीद है कि आने वाले वर्षों में यह परियोजना हजारों युवाओं के लिए रोजगार और नए अवसरों का रास्ता खोलेगी.
जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सोमवार का दिन बेहद खास रहा. लखनऊ से इंडिगो की पहली फ्लाइट एयरपोर्ट पर उतरी, जिसका वाटर कैनन सलामी के साथ स्वागत किया गया. इसके बाद यही विमान 161 यात्रियों को लेकर बेंगलुरु के लिए रवाना हुआ. एयरपोर्ट के शुरू होने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश को बड़ी सुविधा मिलने जा रही है. लंबे समय से इस परियोजना का इंतजार किया जा रहा था. एयरपोर्ट का पहला चरण पूरा होने के बाद अब यहां से नियमित उड़ान सेवाएं शुरू हो रही हैं, जिससे यात्रियों को दिल्ली पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा.