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गर्मी से मिलेगी राहत लेकिन आंधी-तूफान बढ़ाएंगे चिंता, पंजाब में आने वाले दिनों के लिए अलर्ट जारी

पंजाब में 19 जून से अगले चार दिनों तक बारिश, गरज-चमक और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का यलो अलर्ट जारी किया गया है. चलिए जानते हैं प्री-मानसून गतिविधियों के कारण तापमान में कितनी आई गिरावट आ सकती है.

Km Jaya
Edited By: Km Jaya
गर्मी से मिलेगी राहत लेकिन आंधी-तूफान बढ़ाएंगे चिंता, पंजाब में आने वाले दिनों के लिए अलर्ट जारी
Courtesy: Pinterest

चंडीगढ़: पंजाब में आने वाले दिनों में मौसम का मिजाज बदलने वाला है. मौसम विभाग ने 19 जून से अगले चार दिनों के लिए राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का यलो अलर्ट जारी किया है. पंजाब, हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन तथा 18 जून से सक्रिय होने वाले नए पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में यह बदलाव देखने को मिलेगा.

मौसम विभाग चंडीगढ़ केंद्र के निदेशक सुरिंदर पाल के अनुसार राज्य में होने वाली यह गतिविधि प्री-मानसून से जुड़ी है. इसके कारण कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है और तेज हवाएं चलने की संभावना है. विभाग ने अनुमान जताया है कि इस मौसम परिवर्तन के चलते तापमान में करीब चार डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी.

मौसम विभाग ने क्या बताया?

मौसम विभाग के मुताबिक 19 जून से शुरू होकर अगले चार दिनों तक राज्य के कई हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. साथ ही गरज-चमक और बारिश का दौर भी जारी रह सकता है. लोगों को खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और खुले स्थानों में अनावश्यक रूप से न रुकने की सलाह दी गई है.

इस बीच दक्षिण-पश्चिम मानसून की प्रगति भी चर्चा का विषय बनी हुई है. मौसम विभाग के अनुसार मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी पड़ गई है. दक्षिण भारत के कई हिस्सों में आगे बढ़ने के बाद मानसून महाराष्ट्र, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के आसपास ठहर गया है. वहीं पूर्वोत्तर भारत को कवर करने के बाद इसकी गति बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में भी धीमी हो गई है.

मौसम विभाग ने क्या बताया?

मानसून की धीमी चाल का असर पंजाब पर भी पड़ सकता है. पहले अनुमान लगाया जा रहा था कि मानसून 20 से 25 जून के बीच पंजाब पहुंच जाएगा लेकिन अब इसके जून के अंतिम सप्ताह या जुलाई के पहले सप्ताह में पहुंचने की संभावना जताई जा रही है. हालांकि मौसम विभाग का कहना है कि मानसून की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और आने वाले दिनों में स्थिति स्पष्ट होगी.

मंगलवार को राज्य के कुछ हिस्सों में हुई बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई. अधिकतम तापमान में 0.9 डिग्री सेल्सियस की कमी आई और यह सामान्य से 2.2 डिग्री नीचे पहुंच गया. रूपनगर राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 37.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया.

बुधवार के लिए अमृतसर, जालंधर, लुधियाना, पटियाला, मोहाली, बठिंडा, मानसा सहित 16 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया गया है. मौसम विभाग ने लोगों को अगले कुछ दिनों तक मौसम से जुड़े अपडेट पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है.