पंजाब में रोजगार, स्वास्थ्य और कर्मचारी कल्याण को लेकर सरकार ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की हैं. मेरिट के आधार पर सैकड़ों युवाओं को सरकारी सेवा में शामिल किया गया है. इसके साथ ही कर्मचारियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नई पोस्टिंग नीति लागू करने का फैसला लिया गया है. सरकार का कहना है कि इन कदमों का उद्देश्य युवाओं और कर्मचारियों को बेहतर अवसर और सुविधाएं उपलब्ध कराना है.
सरकार ने बुधवार को 523 युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए. इसके साथ ही मौजूदा कार्यकाल में सरकारी नौकरियां पाने वाले युवाओं की संख्या 67,563 तक पहुंच गई है. सरकार का दावा है कि सभी भर्तियां योग्यता और पारदर्शी प्रक्रिया के आधार पर की गई हैं. नियुक्ति पत्र मिलने के बाद युवाओं में उत्साह देखा गया. रोजगार के अवसर बढ़ाने को सरकार अपनी प्राथमिकताओं में शामिल बता रही है.
ਅੱਜ 523 ਹੋਰ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਮੈਰਿਟ ਦੇ ਆਧਾਰ 'ਤੇ ਸਰਕਾਰੀ ਨੌਕਰੀਆਂ ਦੇ ਨਿਯੁਕਤੀ ਪੱਤਰ ਸੌਂਪੇ। ਇਸ ਦੇ ਨਾਲ ਹੀ, ਸਾਡੀ ਸਰਕਾਰ ਵੱਲੋਂ ਹੁਣ ਤੱਕ ਕੁੱਲ 67,563 ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਪਾਰਦਰਸ਼ੀ ਢੰਗ ਨਾਲ ਰੁਜ਼ਗਾਰ ਦਿੱਤਾ ਜਾ ਚੁੱਕਾ ਹੈ।
ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਦੀ ਭਲਾਈ ਲਈ ਅੱਜ ਇੱਕ ਵੱਡਾ ਫੈਸਲਾ ਲਿਆ ਗਿਆ ਹੈ.. ਪ੍ਰੋਬੇਸ਼ਨ ਪੂਰਾ ਹੋਣ 'ਤੇ ਨਰਸਾਂ,… pic.twitter.com/NjTcvI4eBR— Bhagwant Mann (@BhagwantMann) June 16, 2026Also Read
कर्मचारियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सरकार ने नई पोस्टिंग नीति लागू करने का फैसला लिया है. इसके तहत प्रोबेशन अवधि पूरी करने वाले नर्स, कांस्टेबल और ग्रुप सी व डी कर्मचारियों की तैनाती उनके घर से अधिकतम 40 किलोमीटर की दूरी के भीतर करने का प्रयास किया जाएगा. माना जा रहा है कि इससे कर्मचारियों को परिवार के साथ रहने और बेहतर कार्य वातावरण का लाभ मिलेगा.
राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने के लिए आम आदमी क्लीनिक योजना का विस्तार जारी है. वर्तमान में 990 क्लीनिक लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहे हैं जबकि 400 नए केंद्र विकसित किए जा रहे हैं. सरकार का कहना है कि शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसे क्षेत्रों में सार्वजनिक धन का उपयोग सीधे जनता के हित में किया जा रहा है, जिससे आम लोगों को लाभ मिल सके.