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बेटिकट यात्रियों पर गिरी रेलवे की गाज, एक महीने में 42,645 लोगों से वसूले 2.4 करोड़ रूपये

बिना टिकट यात्रा करने वालों के विरुद्ध कोंकण रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 2.4 करोड़ रूपये का जुर्माना वसूला है. जांच अभियानों के क्रम में 42,645 अनधिकृत यात्रियों को पकड़कर जुर्माने की कार्रवाई की गई है.

Kanhaiya Kumar Jha
Edited By: Kanhaiya Kumar Jha
KRCL Ticket Checking India Daily
Courtesy: Social Media

नई दिल्ली: कोंकण रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड (केआरसीएल) ने पिछले महीने 42,645 अनधिकृत यात्रियों को पकड़ा और कुल ₹2.4 करोड़ जुर्माना और किराया वसूली के रूप में वसूले. निगम ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर इसकी जानकारी दी. इन यात्रियों की पहचान कोंकण रेलवे नेटवर्क में चलाए गए 920 विशेष टिकट जांच अभियानों के दौरान की गई.

जानकारी के अनुसार, इस वर्ष अप्रैल से सितंबर के बीच, केआरसीएल ने ऐसे 5,493 अभियान चलाए, जिनमें अनधिकृत यात्रा के 1,82,781 मामले दर्ज किए गए और किराए व जुर्माने सहित ₹12.81 करोड़ वसूले गए.

रेलवे ने जांच अभियानों को किया तेज

केआरसीएल ने बिना टिकट यात्रा को रोकने और वैध यात्रियों के लिए सुरक्षित और व्यवस्थित यात्रा सुनिश्चित करने के लिए अपने मार्गों पर टिकट जांच उपायों को तेज कर दिया है. निगम ने यात्रियों को याद दिलाया कि यात्रा शुरू करने से पहले वैध टिकट खरीदना अनिवार्य है, क्योंकि बिना टिकट के यात्रा करना दंडनीय अपराध है. पूरे नेटवर्क पर टिकट जांच अभियान विशेष ध्यान के साथ जारी रहेगा.

बिना टिकट यात्रा पर अंकुश लगाने के प्रयास में, कोंकण रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने व्यापक टिकट जांच पहल शुरू की है. पिछले महीने ही चलाए गए 920 विशेष अभियानों में 42,000 से ज्यादा यात्रियों को बिना वैध टिकट के यात्रा करते हुए पकड़ा गया, जिससे ₹2.4 करोड़ का जुर्माना और किराया बकाया वसूला गया.

अप्रैल से सितंबर तक ताबड़तोड़ कार्रवाई

अप्रैल से सितंबर तक के केआरसीएल के आंकड़े लगातार कार्रवाई का संकेत देते हैं, इस अवधि के दौरान 5,493 जांच अभियान चलाए गए, जिनमें लगभग 1.83 लाख अनधिकृत यात्रा के मामले सामने आए और कुल ₹12.8 करोड़ से ज्यादा की वसूली हुई.

निगम ने जोर देकर कहा कि इन उपायों का उद्देश्य सभी यात्रियों की सुरक्षा, व्यवस्था और आराम बनाए रखना है. बिना वैध टिकट के यात्रा करना न केवल अवैध है, बल्कि परिचालन में भी बाधा डालता है. केआरसीएल ने अपने पूरे मार्ग पर निरंतर प्रवर्तन का आश्वासन दिया है, जिससे संकेत मिलता है कि अनधिकृत यात्रा को रोकने के लिए कड़ी निगरानी और दंडात्मक कार्रवाई जारी रहेगी.