Asia Cup Final, India Women vs Sri Lanka Women: रंगिरी दांबुला अंतर्राष्ट्रीय स्टेडियम में भारत और श्रीलंका के बीच महिला एशिया कप का फाइनल मुकाबला खेला गया. भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए श्रीलंका को 166 रनों का लक्ष्य दिया. विजेता बनने के लिए उतरी लंकाई टीम ने इस लक्ष्य को बड़े ही आसानी से हासिल कर लिया. श्रीलंका की टीम ने 8 विकेट से फाइनल मुकाबला जीतकर पहली बार एशिया कप का खिताब जीता.
यह एशिया कप का नौवां संस्करण था. भारत ने 7 बार एशिया कप का खिताब जीता है, एक बार बांग्लादेश. वहीं, अब इस लिस्ट में श्रीलंका का भी नाम जुड़ गया है. इससे पहले 2022 में श्रीलंका और भारत एशिया कप के फाइनल में पहुंचे थे तब भारत ने 8 विकेट से जीत दर्ज की थी. इस बार ठीक उसका उल्टा हुआ. श्रीलंका महिला टीम ने 8 विकेट से भारत को हराकर अपना पहला एशिया कप का खिताब जीता.
For the first time, Sri Lanka Women won the Asia Cup🇱🇰🏆
— Sri Lanka Tweet 🇱🇰 (@SriLankaTweet) July 28, 2024
WINNING MOMENT - HISTORY 🏏#WomensAsiaCup #WomensAsiaCup #INDvSL #LKA #SriLanka pic.twitter.com/WYmCsmGbQg
166 रनों के लक्ष्य का पीछे करने उतरी श्रीलंका की ओर से विशमी गुणरत्ने और कप्तान चमारी अथापट्टू ने पारी की शुरुआत की. टीम इंडिया को पहली सफलता बहुत ही जल्दी मिल गई थी. दूसरे ही ओवर में विशमी रन आउट हो गई.
पहला विकेट गिरने के बाद कप्तान चमारी अथापट्टी और हर्षिता के बीच अच्छी साझेदारी हुई. दोनों ने दूसरे विकेट के लिए 87 रनों की साझेदारी की. इस साझेदारी ने टीम इंडिया से मैच को दूर कर दिया. श्रीलंका का दूसरा विकेट 94 के स्कोर पर गिरा. कप्तान अथापट्टी ने 43 गेंदों पर 61 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेली.
कप्तान के आउट होने के बाद हर्षिता और कविशा दिलहारी ने टीम को संभाला. दोनों ने नाबाद रहते हुए अपनी टीम को एशिया कप के फाइनल का खिताब जिताया. हर्षिता ने नाबाद 51 गेंदों पर 69 रनों की पारी खेली जबकि कविशा ने नाबाद 30 रनों की पारी खेली.
भारत की ओर से दीप्ती शर्मा ही एकमात्र गेंदबाज थी, जिन्हें विकेट मिला. उन्हें एक विकेट मिला. उनके अलावा कोई भी गेंदबाजी विकेट नहीं ले पाया.
बात करें भारत की तो टीम इंडिया की ओर से स्मृति मंधाना ने सबसे ज्यादा 47 गेंदों पर 60 रनों की पारी खेली थी. उनके अलावा ऋचा घोष ने 30, रॉड्रिक्स ने 29 रनों की पारी खेली.