भारतीय टीम मौजूदा सीरीज के तीसरे और अंतिम वनडे में इंग्लैंड से भिड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है. दोनों टीमें 19 जुलाई को लंदन के लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड में आमने-सामने होंगी. गौरतलब है कि जहां भारत ने सीरीज का पहला मैच जीता था, वहीं इंग्लैंड को दूसरे वनडे में हार का सामना करना पड़ा था.
यह उल्लेखनीय है कि आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के दौरान भारतीय टीम ने अब तक खेले गए नौ मैचों में से केवल एक में जीत हासिल की है। टीम के प्रदर्शन को देखते हुए कई विशेषज्ञों ने आगे आकर टीम में संभावित बदलावों के सुझाव दिए हैं. इस दौरान पूर्व भारतीय क्रिकेटर ने तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज के सफेद गेंद में वापसी की बात कही है.
भारत के पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा ने कहा कि 'हमने उन्हें चुपचाप टीम से बाहर कर दिया है. हमने पहले वनडे में ऐसा किया, यह कहते हुए कि वह पुरानी गेंद से गेंदबाजी करने में असमर्थ हैं. टी20 क्रिकेट में तो वह वैसे भी बाहर ही रहेंगे, हालांकि वह विश्व कप का हिस्सा थे. सिराज ने हाल के समय में कई अहम मौकों पर टीम के लिए शानदार प्रदर्शन किया है. ऐसे में उन्हें लगातार बाहर रखना समझ से परे है.' उनका मानना है कि टीम प्रबंधन भविष्य में फिर सिराज पर भरोसा जता सकता है'
पूर्व क्रिकेटर ने याद दिलाते हुए कहा कि ऐसे प्रदर्शन के बावजूद उनका बाहर होना कई सवाल खड़े करता है. उन्हें टीम इंडिया से बाहर देखकर दुख होता है. सिराज जब भी भारत के लिए खेलते हैं अपना शत प्रतिशत देते हैं. चोपड़ा का मानना है कि भारतीय टीम को अनुभव और युवा खिलाड़ियों के बीच संतुलन बनाए रखना जरूरी है. इस कारण उन्हें दोबारा से टीम इंडिया में जगह दी जाएगी.
लॉर्ड्स में होने वाला तीसरा वनडे दोनों टीमों के लिए बेहद अहम है. भारत पहला मैच जीत चुका है, जबकि इंग्लैंड ने दूसरे मुकाबले में वापसी करते हुए सीरीज बराबर कर दी. अब जो टीम अंतिम मुकाबला जीतेगी, वही सीरीज अपने नाम करेगी. ऐसे में अंतिम एकादश को लेकर भी उत्सुकता बनी हुई है.
भारतीय टीम के सामने सिर्फ मैच जीतने की नहीं, बल्कि विदेशी सरजमीं पर एक और महत्वपूर्ण वनडे सीरीज अपने नाम करने की चुनौती है. बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों विभागों को संतुलित प्रदर्शन करना होगा. यदि टीम सही संयोजन के साथ उतरती है, तो लॉर्ड्स में जीत दर्ज कर सीरीज पर कब्जा जमाने का शानदार अवसर उसके पास रहेगा.