CWG 2026 LIVE: Commonwealth games 2026 में बिंद्यारानी देवी सोरोखाइबम ने महिलाओं के 58 किग्रा वेटलिफ्टिंग फाइनल में ब्रॉन्ज मेडल जीता. इससे पहले, ज्ञानेश्वरी यादव ने महिलाओं के 53 किग्रा इवेंट में 199 किग्रा (88 किग्रा स्नैच, 111 किग्रा क्लीन एंड जर्क) के अपने अब तक के सबसे अच्छे कुल स्कोर के साथ सिल्वर मेडल जीता. एथलेटिक्स में मुरली श्रीशंकर और लोकेश सत्यनाथन पुरुषों की लॉन्ग जंप फाइनल के लिए क्वालिफाई कर गए. वहीं तेजस शिर्से ने पुरुषों की 110 मीटर हर्डल्स फाइनल में अपनी जगह पक्की की. स्विमिंग में साजन प्रकाश पुरुषों की 200 मीटर बटरफ़्लाई फाइनल में पहुंचे और स्वातिक पाटिल पुरुषों की 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक SB9 फाइनल के लिए क्वालिफाई कर गए. हालांकि, गुरिंदरवीर सिंह हीट में 10.39 सेकंड के समय के साथ कुल मिलाकर 28वें स्थान पर रहने के बाद पुरुषों की 100 मीटर दौड़ से बाहर हो गए.
11:38:09 PM
तेजस्विन शंकर के DNS (दौड़ में शामिल न होने) के कारण बाहर होने के बाद, पुरुषों की हाई जंप फाइनल में भारत की उम्मीदें अब पूरी तरह से सर्वेश अनिल कुशारे पर टिकी हैं. नेशनल रिकॉर्ड होल्डर प्रतियोगिता शुरू होने के साथ ही अपना मेडल जीतने का अभियान शुरू करने के लिए तैयार हैं.
11:32:44 PM
भारत के तेजस्विन शंकर पुरुषों की हाई जंप फ़ाइनल में हिस्सा नहीं लेंगे, क्योंकि आधिकारिक स्टार्ट लिस्ट में उनका नाम DNS (Did Not Start) के तौर पर दर्ज किया गया है. उनके नाम वापस लेने की वजह अभी तक साफ नहीं हो पाई है.
11:08:26 PM
भारत की साक्षी चौधरी ने महिला 51 किग्रा वर्ग के मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए बोत्सवाना की मोनडुकानेल को 5-0 से हराकर क्वार्टरफाइनल में जगह बना ली. साक्षी ने पूरे मुकाबले में बेहतरीन रणनीति अपनाई. उन्होंने शुरुआत में संयम बनाए रखा और प्रतिद्वंद्वी को हमला करने का मौका दिया. इसके बाद सही समय पर जवाबी हमला करते हुए मुकाबले पर पूरी तरह अपना नियंत्रण बना लिया.
11:07:10 PM
भारत के पुतुल सोनोवाल केन्या के अनवर हमदा से हारकर पुरुषों के सिंगल्स लॉन बॉल्स मुकाबले से बाहर हो गए हैं. पहला सेट हारने के बाद सोनोवाल ने वापसी करते हुए मैच बराबरी पर ला दिया था लेकिन निर्णायक सेट में हमदा ने संयम बनाए रखते हुए जीत हासिल की और भारतीय खिलाड़ी का सफर खत्म कर दिया.
10:13:13 PM
नाइजीरिया की राफियातू फोलाशादे लावल का प्रदर्शन जबरदस्त रहा. उन्होंने 229 किलोग्राम (103 स्नैच और 126 क्लीन एंड जर्क) के कुल वजन के साथ गेम्स रिकॉर्ड बनाया. उन्होंने 14 किलोग्राम के अंतर से यह प्रतियोगिता जीती. कनाडा की एन सोफी ताशेरो ने 215 किलोग्राम (94 किलोग्राम स्नैच और 121 किलोग्राम क्लीन एंड जर्क) के साथ सिल्वर मेडल जीता. वहीं, इंग्लैंड की 19 साल की एलिजा प्रैट चौथे स्थान पर रहीं. इस युवा खिलाड़ी का प्रदर्शन शानदार रहा, कुल 199 किलोग्राम (87 किलोग्राम स्नैच और 109 किलोग्राम क्लीन एंड जर्क) वजन उठाया.
10:00:11 PM
बिंद्यारानी देवी ने ब्रॉन्ज मेडल जीतने के लिए बस इतना ही किया. वह सिल्वर मेडल की पोजीशन पर थीं लेकिन आखिर में गोल्ड मेडल जीतने वाली राफियातु लावल ने कॉम्पिटिशन के आखिरी स्टेज तक कुछ नहीं उठाया. मणिपुर की 27 साल की इस खिलाड़ी की अच्छी कोशिश. उन्होंने भारत को वेटलिफ्टिंग में 5वां मेडल दिलाया.
09:54:57 PM
बिंद्यारानी देवी ने कुल 199 किलोग्राम वजन उठाया. क्लीन एंड जर्क में उन्होंने एक सफल कोशिश की और 112 किलोग्राम वजन उठाया. आखिरी क्लीन एंड जर्क में उन्होंने 116 किलोग्राम वजन उठाने की कोशिश की लेकिन वह ऐसा नहीं कर पाईं.
09:51:59 PM
बिंद्यारानी का 112 kg का प्रयास सफल रहा. वह अब सिल्वर मेडल पोजीशन पर हैं. राफियातुई लावल, जिन्होंने 103 kg (गेम्स रिकॉर्ड) के साथ स्नैच में टॉप किया, अभी बाकी हैं. बिंद्यारानी अभी मेडल की दौड़ में बनी हुई हैं.
09:47:40 PM
बिंद्यारानी देवी का 110kg का वजन कम हुआ. खैर, स्लो मोशन रिप्ले से पता चला कि जब वह जर्क पूरा कर रही थीं तो उनकी बाईं कोहनी में हल्का सा मोड़ था. सुपरवाइजर ने इसे पकड़ लिया. यह नो लिफ्ट है. बिंद्यारानी का पहला क्लीन एंड जर्क नो लिफ्ट है.
09:40:05 PM
09:26:45 PM
नाउरू की मार्गरेट ब्लेस हैरिस ने महिलाओं के 58kg क्लीन एंड जर्क इवेंट की शुरुआत 75kg वजन उठाकर की लेकिन इसके बाद अपने अगले दो प्रयासों में वह इसे बेहतर नहीं कर पाईं. भारत की बिंद्यारानी देवी, नाइजीरिया की राफियातू फोलाशादे लावल और कनाडा की ऐन-सोफी टैशेरो समेत मेडल की दावेदारों ने अभी अपना क्लीन एंड जर्क मुकाबला शुरू नहीं किया है.
09:03:49 PM
08:49:15 PM
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय वेटलिफ्टर ज्ञानेश्वरी यादव को ग्लासगो में कॉमनवेल्थ गेम्स के महिलाओं के 53 किग्रा इवेंट में सिल्वर मेडल जीतने पर बधाई दी है. X पर एक पोस्ट में पीएम मोदी ने मेडल जीतने के दौरान अपना अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन करने के लिए ज्ञानेश्वरी की तारीफ की और कहा कि उनकी सफलता देश भर के युवा एथलीटों को प्रेरित करेगी. Glasgow commonwealth games 2026 में वेटलिफ्टिंग में सिल्वर मेडल जीतने पर ज्ञानेश्वरी यादव को बधाई. यह सफलता इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने इस प्रतियोगिता में अपना अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन किया है. उनकी सफलता भारत के युवाओं को प्रेरित करे. आगे की यात्रा में उन्हें और सफलता मिले, ऐसी कामना करता हूं. ज्ञानेश्वरी ने 53 किग्रा प्रतियोगिता में सिल्वर मेडल जीता.
08:45:05 PM
बिंद्यारानी देवी ने महिलाओं के 58kg फाइनल में अच्छी शुरुआत की है. उन्होंने अपने दूसरे स्नैच प्रयास में 85kg वजन उठाया. भारतीय खिलाड़ी को यह लिफ्ट पूरा करने के लिए काफी जोर लगाना पड़ा लेकिन उन्होंने हिम्मत बनाए रखी, तीन व्हाइट लाइट हासिल कीं और मुकाबले में मजबूती से बनी रहीं. यह लिफ्ट बहुत आसान नहीं थी लेकिन बोर्ड पर एक वैलिड मार्क हासिल करना प्राथमिकता थी. स्नैच का एक और प्रयास अभी बाकी है, इसलिए बिंद्यारानी के पास 'क्लीन एंड जर्क' से पहले अपना कुल स्कोर बेहतर करने का मौका है, जिसमें उनके सबसे मज़बूत प्रदर्शन की उम्मीद है.
07:54:08 PM
भारत को मेडल की अगली उम्मीद बिंद्यारानी देवी सोरोखाइबम से है, जो देश की सबसे कामयाब वेटलिफ्टरों में से एक हैं. वह महिलाओं के 58kg फाइनल में हिस्सा ले रही हैं. मणिपुर की रहने वाली 27 साल की बिंद्यारानी 'क्लीन एंड जर्क' में पूर्व वर्ल्ड चैंपियन और कॉमनवेल्थ गेम्स की सिल्वर मेडलिस्ट हैं. उन्होंने बर्मिंघम 2022 में 55kg कैटेगरी में दूसरा स्थान हासिल किया था. उस टूर्नामेंट में उन्होंने 'क्लीन एंड जर्क' में 116kg का लिफ्ट लगाकर गेम्स रिकॉर्ड बनाया था, जो एक नेशनल रिकॉर्ड भी था.
07:36:16 PM
07:25:12 PM
ज्ञानेश्वरी यादव ने अपनी आखिरी लिफ्ट में पूरी जान लगा दी और 111 किग्रा का शानदार क्लीन एंड जर्क करके भारत की गोल्ड मेडल की उम्मीदें बनाए रखीं. भारतीय खिलाड़ी इससे ज्यादा कुछ नहीं कर सकती थीं, क्योंकि सबकी नजरें नाइजीरिया की ओनोमे ओमोलोला डिडिह पर टिकी थीं. नाइजीरियाई खिलाड़ी ने 113 किग्रा का वजन आसानी से उठाकर गोल्ड मेडल पक्का कर लिया और ज्ञानेश्वरी को कड़ी मेहनत के बाद सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा.
07:18:26 PM
जब सब कुछ दांव पर लगा था, तब भारतीय खिलाड़ी ने पूरी ताकत लगाकर 111kg का शानदार 'क्लीन एंड जर्क' पूरा किया. उन्होंने कड़ी मेहनत और संघर्ष के बाद लिफ़्ट को सफलतापूर्वक पूरा किया और तीन व्हाइट लाइट्स हासिल की.
07:15:15 PM
नाइजीरिया की ओनोमे ओमोलोला डिडिह ने एक बार फिर नया रिकॉर्ड बनाया है. उन्होंने 'क्लीन एंड जर्क' में 110kg वजन उठाकर कॉमनवेल्थ गेम्स के कई रिकॉर्ड तोड़े और गोल्ड मेडल पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है. रोमांच अभी खत्म नहीं हुआ है। डिडिह ने अपनी आखिरी कोशिश में 113kg वजन उठाने का फैसला किया है और भारत की ज्ञानेश्वरी यादव ने भी अपनी आखिरी लिफ्ट के लिए 111kg वजन चुना.
07:10:19 PM
भारत की ज्ञानेश्वरी यादव ने क्लीन एंड जर्क में आसानी से 107 किग्रा का भार उठाया और एक बार फिर तीन व्हाइट लाइट हासिल कीं. अपनी पहली लिफ्ट की तरह ही, उन्होंने इसे बहुत आसानी से पूरा किया और लीडर ओनोमे ओमोलोला डिडिह पर दबाव बढ़ा दिया है. नाइजीरियाई खिलाड़ी ने अब तक हर चुनौती का डटकर सामना किया है, लेकिन अब गलती की गुंजाइश कम होती जा रही है. दोनों लिफ्टर्स के पास अब एक-एक प्रयास बचा है और कॉमनवेल्थ गेम्स के गोल्ड मेडल के लिए मुकाबला एक रोमांचक मोड़ पर पहुँच रहा है.
07:07:07 PM
ज्ञानेश्वरी यादव ने 103 किलोग्राम वजन उठाया है. उन्होंने सबको चौंका दिया. सिल्वर मेडल तो पक्का ही मान लिया गया है. वहीं गोल्ड के लिए उन्हें नाइजीरिया की लिफ्टर को हराना पड़ेगा. इसके बाद दो लिफ्ट और हैं.
07:02:06 PM
ज्ञानेश्वरी ने 103kg का सबसे ज्यादा शुरुआती लिफ्ट चुना है. वहीं डिडिह 100kg से शुरुआत करेंगी. अगर दोनों अपनी शुरुआती कोशिशें पूरी कर लेती हैं, तो भी भारतीय खिलाड़ी पीछे रहेंगी लेकिन उसके बाद भी दो और लिफ्ट बाकी होंगी, इसलिए गोल्ड मेडल की लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है.
07:00:29 PM
भारत की ज्ञानेश्वरी यादव स्नैच इवेंट में 88kg का शानदार लिफ्ट लगाकर दूसरे स्थान पर रहीं और गोल्ड मेडल की दौड़ में बनी हुई हैं. नाइजीरिया की ओनोमे ओमोलोला डिडिह 93kg का वजन उठाकर सबसे आगे हैं और उन्होंने इस दौरान कॉमनवेल्थ गेम्स और कॉमनवेल्थ का नया रिकॉर्ड भी बनाया है.
06:59:43 PM
प्रतिष्ठा सामंत Commonwealth games में मेडल जीतने से बहुत कम अंतर से चूक गईं. वह महिलाओं के वॉल्ट फाइनल में छठे स्थान पर रहीं. सातवें स्थान पर क्वालिफाई करने वाली इस भारतीय जिम्नास्ट ने अपने पहले वॉल्ट के लिए 12.700 और दूसरे प्रयास में 12.666 का स्कोर किया, जिससे उनका औसत स्कोर 12.683 रहा. अच्छा प्रदर्शन करने के बावजूद, यह पोडियम पर जगह बनाने के लिए काफा नहीं था.