नई दिल्ली: पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने पाकिस्तान में सेना प्रमुख आसिम मुनिर पर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि देश अब संविधान और कानून के तहत नहीं बल्कि 'आसिम लॉ' के तहत चल रहा है.
खान ने जेल से अपनी बहन से मुलाकात के बाद यह पोस्ट शेयर की, जिसमें उन्होंने महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों के खिलाफ हुई कथित अन्यायपूर्ण कार्रवाइयों का जिक्र किया. उन्होंने पीटीआई नेताओं को कानूनी कार्रवाई के लिए निर्देश दिए.
इमरान खान ने अपने पोस्ट में कहा कि पाकिस्तान में अब संविधान और कानून का शासन नहीं है. उन्होंने सेना प्रमुख आसिम मुनिर को 'इतिहास का सबसे तानाशाह और मानसिक रूप से अस्थिर' बताया. उनके अनुसार मुनीर का शासन अत्यंत दमनकारी और अमानवीय है, जिसमें जनता और राजनीतिक विरोधियों के अधिकारों का उल्लंघन किया जा रहा है.
कानूनी मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में हैं. उन्होंने बताया कि उन्हें और उनकी पत्नी बुशरा बीबी को हर प्रकार की यातना दी जा रही है. उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि वे किसी भी हालत में सत्ता के दबाव में नहीं झुकेंगे और पीटीआई किसी भी बातचीत में शामिल नहीं होगी.
अपने पोस्ट में खान ने पीटीआई के ऑफिस-बियरर्स, सांसदों और सीनियर वकीलों को हाईकोर्ट का रुख करने और सुनवाई के तय होने तक जेल छोड़ने से इंकार करने के लिए कहा. उन्होंने वरिष्ठ वकील सलमान अकरम राजा पर भरोसा जताया, जो पार्टी से संबंधित सभी निर्देश और बैठक सूची संभालेंगे.
खान ने कई उदाहरणों के माध्यम से बताया कि मुनीर के शासन में महिलाओं और बुजुर्गों के साथ क्रूरता की गई. उन्होंने डॉ. यास्मिन राशिद और बुशरा बेगम के मामलों का जिक्र किया, जो पीटीआई से जुड़े होने के कारण जेल में हैं. उनके अनुसार, सत्ता की लालसा में मुनीर किसी भी हद तक जा सकते हैं.
खान ने जनता से कहा कि 'स्वतंत्रता या मृत्यु' की सिद्धांत वाली राष्ट्र अंतत सम्मान और प्रगति हासिल करते हैं. उन्होंने जोर दिया कि पाकिस्तान की राजनीतिक व्यवस्था अब एक व्यक्ति के हाथ में केंद्रीकृत है और यही कारण है कि पीटीआई के खिलाफ अन्यायपूर्ण कार्रवाई जारी है.