Israel Hamas war: इजरायल और हमास के बीच 2 महीनों से जारी जंग को रोकने के लिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) में तत्काल युद्धविराम प्रस्ताव पेश किया गया. UAE के इस प्रस्ताव को यूएन में खारिज कर दिया. क्योंकि अमेरिका ने इस प्रस्ताव के खिलाफ वीटो कर दिया. अब तक इस युद्ध में 17 हजार से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है.
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में संयुक्त अरब अमीरात द्वारा पेश किए गए प्रस्ताव में गाजा में तत्काल युद्ध विराम और सभी बंधकों की बिना शर्त तत्काल रिहाई की मांग की गई थी. लेकिन अमेरिका ने युद्धविराम वाले इस प्रस्ताव पर वीटो लगा दिया. जिसके बाद इस प्रस्ताव को संयुक्त राष्ट्र ने खारिज कर दिया.
#BREAKING United States vetoes Security Council draft resolution that would have demanded an immediate humanitarian ceasefire in Gaza, and immediate and unconditional release of all hostages
VOTE
In Favour: 13
Against: 1 (US)
Abstain: 1 (UK) pic.twitter.com/hY0YcJ1JKF— UN News (@UN_News_Centre) December 8, 2023Also Read
यूएई द्वारा पेश किए गाजा में तत्काल युद्ध विराम और सभी बंधकों की बिना शर्त तत्काल रिहाई की मांग वाले प्रस्ताव के पक्ष में 13 राष्ट्रों ने वोट किया था. वोटिंग में ब्रिटेन ने खुद को अलग कर रखा. वहीं, ब्राजील ने कहा कि अगर गाजा में युद्ध नहीं रुका तो और भी ज्यादा नुकसान हो सकता है. जबकि, रूस और चीन ने अमेरिका द्वारा लगाए गए वीटो के फैसले की कड़ी निंदा की.
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UN Security Council)में 15 सदस्य है. 5 स्थायी और 10 अस्थाई सदस्य. चीन, फ्रांस, रूस, ब्रिटेन और अमेरिका स्थाई सदस्य हैं. वहीं, अस्थायी सदस्यों में अल्बानिया, ब्राजील, इक्वाडोर, गबन, घाना, जापान, माल्टा, मोजांबिक, स्विट्जरलैंड और यूएई जैसे देश शामिल है.
प्रस्ताव के खिलाफ वीटो लगाते हुए अमेरिकी दूत रॉबर्ट वुड ने कहा कि युद्धविराम प्रस्ताव को असंतुलित और वास्तविकता से परे है. उन्होंने आगे कहा कि प्रस्ताव का मसौदा तैयार करने और मतदान की प्रक्रिया बहुत ही जल्दबाजी में की गई.