नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच देश में एलपीजी और ऊर्जा आपूर्ति को लेकर उठ रही चिंताओं पर केंद्र सरकार ने स्थिति साफ की है. लोकसभा में केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि देश में गैस सिलेंडर की कमी को लेकर घबराने की जरूरत नहीं है. सरकार ने पहले से ही कई कदम उठाए हैं ताकि आम लोगों तक ऊर्जा की सप्लाई बिना किसी रुकावट के जारी रहे.
लोकसभा में बोलते हुए मंत्री ने बताया कि मौजूदा हालात ऊर्जा क्षेत्र के इतिहास में काफी अलग हैं. उन्होंने कहा कि पहली बार ऐसा हुआ है जब Strait of Hormuz को व्यावसायिक जहाजों के लिए बंद करना पड़ा. इसके कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तेल और गैस की सप्लाई पर असर पड़ा है, लेकिन भारत इस स्थिति से निपटने के लिए तैयार है.
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भारत की कच्चे तेल की आपूर्ति फिलहाल सुरक्षित है. मंत्री के अनुसार, भारत इस समय करीब 40 देशों से कच्चा तेल खरीद रहा है, जिससे किसी एक क्षेत्र पर निर्भरता कम हो गई है. मंत्री ने कहा कि एलपीजी की मांग को देखते हुए सरकार ने उत्पादन बढ़ाने का फैसला किया है.
#WATCH | Delhi: In the Lok Sabha, Union Minister for Petroleum and Natural Gas, Hardeep Singh Puri, says, "...This is not the moment for rumour mongering or fake narratives. India is navigating the most severe global energy disruption in recorded history. Fruit supply is flowing,… pic.twitter.com/51eClP6oLm
— ANI (@ANI) March 12, 2026Also Read
पिछले पांच दिनों में रिफाइनरियों को निर्देश देकर एलपीजी का उत्पादन लगभग 28 प्रतिशत तक बढ़ा दिया गया है. इसके अलावा भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त खरीद की प्रक्रिया भी जारी है.
सरकार की प्राथमिकता देश के हर परिवार तक गैस की उपलब्धता बनाए रखना है. मंत्री ने कहा कि खासतौर पर गरीब और जरूरतमंद परिवारों की रसोई में किसी तरह की कमी न आए, इसके लिए सभी जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं. देश में करीब 33 करोड़ परिवार एलपीजी का उपयोग करते हैं और उनकी सप्लाई पूरी तरह सुरक्षित है. और साथ ही गैस सिलेंडर की डिलीवरी व्यवस्था में भी कोई बदलाव नहीं किया गया है.
ऊर्जा आपूर्ति को लेकर मंत्री ने यह भी कहा कि बिजली उत्पादन के लिए जरूरी गैस और ईंधन की उपलब्धता बनी हुई है. उद्योगों और घरों दोनों के लिए बिजली उत्पादन पर किसी तरह का खतरा नहीं है. उन्होंने बताया कि अब भारत ने ऊर्जा आयात के स्रोतों को भी बढ़ा दिया है. एलएनजी और अन्य ऊर्जा संसाधनों की आपूर्ति United States, Norway, Canada, Algeria और Russia जैसे देशों से की जा रही है, जिससे ऊर्जा सुरक्षा और मजबूत हुई है.