नई दिल्ली: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने समान नागरिक संहिता यानी UCC को लेकर बड़ा बयान दिया है. मुंबई में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान शाह ने कहा कि 2029 से पहले बीजेपी नेतृत्व वाले एनडीए के सभी 21 राज्यों में UCC लागू करने का लक्ष्य है. उन्होंने कहा कि कई राज्यों में इसकी शुरुआत हो चुकी है. शाह ने इसी दौरान आतंकवाद के खिलाफ सरकार की नीति, अवैध घुसपैठ, अर्थव्यवस्था, अनुच्छेद 370 और पूर्वोत्तर की स्थिति जैसे मुद्दों पर भी अपनी बात रखी.
अमित शाह ने कहा कि सरकार ने कई राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू की है और अब एनडीए शासित सभी 21 राज्यों में इसे लागू किया जाएगा. UCC का उद्देश्य विवाह, तलाक, विरासत और गोद लेने जैसे निजी मामलों के लिए धर्म से अलग एक समान कानूनी व्यवस्था बनाना है. शाह ने इसे 2029 से पहले पूरा करने का भरोसा जताया.
शाह ने कहा कि सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर ने आतंकवाद के खिलाफ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति को स्पष्ट किया है. उन्होंने कहा कि सुरक्षा को हर क्षेत्र में प्राथमिकता दी गई है. गृह मंत्री ने अनुच्छेद 370, नक्सलवाद और पूर्वोत्तर की चुनौतियों का भी जिक्र किया और इन्हें लंबे समय से देश की आंतरिक सुरक्षा से जुड़ी समस्याएं बताया.
मणिपुर में 1951 के आधार पर NRC लागू करने और देशभर में NRC की समयसीमा से जुड़े सवाल पर शाह ने कहा कि सहयोगियों और मणिपुर के राजनीतिक दलों के साथ चर्चा चल रही है. उन्होंने कहा कि फैसला होने पर इसकी जानकारी दी जाएगी. अवैध प्रवासियों को लेकर शाह ने दोहराया कि उनकी पहचान कर उन्हें देश से बाहर किया जाएगा.
अमित शाह ने कहा कि 2014 से पहले देश में भ्रष्टाचार, जातिवाद और परिवारवाद की राजनीति का दौर था, जबकि अब प्रदर्शन आधारित राजनीति पर जोर है. उन्होंने भारत की आर्थिक प्रगति का जिक्र करते हुए पहली तिमाही में 7.8 फीसदी GDP वृद्धि की बात कही. शाह ने कहा कि भारत अब दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में आगे बढ़ रहा है.
शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक देशभर में सेवा संकल्प अभियान चलाने की घोषणा की. इसमें बीजेपी, एनडीए सहयोगी दल, स्वयंसेवी संगठन और आम लोग शामिल होंगे. अभियान को राज्यों से लेकर बूथ स्तर तक ले जाने की योजना है. स्थानीय भाषाओं में संगीत और नाट्य कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे.