नई दिल्ली: BRICS समिट के आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दुनिया में बढ़ते जियोपॉलिटिकल तनाव के बीच क्रिटिकल मिनरल्स और टेक्नोलॉजी के वेपनाइजेशन को लेकर चिंता जताई. चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग की मौजूदगी में ओपन सेशन को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज बढ़ते वैश्विक तनाव का सीधा असर आम लोगों की जिंदगी पर पड़ रहा है. ऐसे में BRICS देशों को मिलकर इन चुनौतियों का सामना करना होगा.
पीएम मोदी ने कहा कि आज की दुनिया एक-दूसरे से गहराई से जुड़ी हुई है. ऐसे में कोई भी बड़ा संकट सिर्फ एक क्षेत्र तक सीमित नहीं रहता. महामारी, जलवायु आपदाओं और सप्लाई चेन में रुकावटों ने यह साबित किया है. उन्होंने कहा कि BRICS देशों को ऐसे संकटों से निपटने के लिए पहले से तैयारी करनी होगी, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत कदम उठाया जा सके.
प्रधानमंत्री ने टेक्नोलॉजी और क्रिटिकल मिनरल्स को रणनीतिक हथियार की तरह इस्तेमाल करने की कोशिशों पर चिंता जताई. क्रिटिकल मिनरल्स आधुनिक तकनीक, उद्योग और कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों के लिए जरूरी माने जाते हैं. पीएम मोदी ने कहा कि इनके साथ-साथ टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किसी दबाव या हथियार के रूप में नहीं होना चाहिए.
उन्होंने BRICS देशों से मिलकर ऐसी चुनौतियों का समाधान तलाशने की अपील की. उनका जोर इस बात पर रहा कि वैश्विक सहयोग के जरिए सप्लाई और तकनीक से जुड़ी कमजोरियों को कम किया जाए.
पीएम मोदी ने बताया कि BRICS देशों के बीच संक्रामक बीमारियों की रोकथाम और उनसे निपटने के लिए BRICS Integrated Early Warning System बनाने पर सहमति बनी है. इसके लिए अर्ली वार्निंग से जुड़े डेटा के इंटीग्रेशन की गाइडलाइंस भी तैयार की गई हैं.
प्रधानमंत्री ने कहा कि यह व्यवस्था भविष्य में किसी महामारी या संक्रामक बीमारी के खतरे की पहचान पहले करने में मदद कर सकती है. इससे खतरा बढ़ने से पहले जरूरी कदम उठाने का रास्ता आसान होगा.
पीएम मोदी ने BRICS Logistic Supply Chain Cooperation Framework का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि इससे सदस्य देशों के बीच सप्लाई चेन को ज्यादा भरोसेमंद और मजबूत बनाने में मदद मिलेगी. इसका उद्देश्य किसी एक क्षेत्र में संकट आने पर उसका असर दूसरे देशों तक कम से कम पहुंचाना है.
उन्होंने इनोवेशन के क्षेत्र में BRICS Incubator Network की भूमिका पर भी बात की. यह नेटवर्क अलग-अलग देशों के स्टार्टअप्स और इनक्यूबेटर्स को जोड़ने का काम करेगा. इससे नई तकनीक, इनोवेशन और बिजनेस आइडिया पर मिलकर काम करने के अवसर बढ़ेंगे.