Leh Earthquake: लद्दाख के लेह में रविवार सुबह धरती हिली जब 3.7 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया. भूकंप के झटके सुबह 8:24 बजे महसूस किए गए, जिससे लोगों में हल्की दहशत फैल गई. नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार इसकी गहराई जमीन से 10 किलोमीटर नीचे थी. हालांकि, स्थानीय प्रशासन ने बताया कि इस भूकंप से किसी भी तरह की जनहानि या संपत्ति को नुकसान की सूचना नहीं है.
विशेषज्ञों का मानना है कि हिमालयी क्षेत्र भूगर्भीय रूप से संवेदनशील ज़ोन में आता है, जिस वजह से यहां हल्के से मध्यम तीव्रता के भूकंप अक्सर दर्ज किए जाते हैं. लेह और आसपास के इलाकों में लोग एहतियात बरतते हुए सुरक्षित जगहों पर निकल आए थे. फिलहाल हालात सामान्य हैं और प्रशासन स्थिति पर नज़र बनाए हुए है.
रूस के सुदूर पूर्वी हिस्से, कमचटका प्रायद्वीप में शनिवार को एक बार फिर जमीन कांप उठी. नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार, भूकंप की तीव्रता 7.0 मापी गई, जबकि अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण (USGS) ने इसे और भी ज्यादा 7.4 बताया है. यह भूकंप जमीन के अंदर केवल 10 किलोमीटर की गहराई पर आया, जिससे झटके बेहद तेज महसूस किए गए. USGS ने शुरुआत में भूकंप की तीव्रता 7.5 बताई थी, लेकिन बाद में इसे घटाकर 7.4 कर दिया गया. भूकंप का केंद्र रूस की पूर्वी तट रेखा के पास बताया गया है.
भूकंप के कुछ ही देर बाद प्रशांत सुनामी चेतावनी केंद्र (Pacific Tsunami Warning Center) ने बड़ा अलर्ट जारी कर दिया. उन्होंने चेतावनी दी कि भूकंप के केंद्र से 300 किलोमीटर के दायरे में समुद्री लहरें खतरनाक साबित हो सकती हैं. खासकर रूस के तटीय इलाकों में सुनामी के असर की आशंका जताई गई है.