देश की राजनीति के लिहाज से अहम माने जा रहे पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों का कार्यक्रम आज घोषित होने की संभावना है. चुनाव आयोग प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में होने वाले चुनावों की तारीखों का ऐलान कर सकता है. इन चुनावों को अगले साल की राष्ट्रीय राजनीति की दिशा तय करने वाला माना जा रहा है. चुनाव कार्यक्रम सामने आते ही इन राज्यों में आचार संहिता लागू हो जाएगी और राजनीतिक गतिविधियां भी तेज हो जाएंगी.
सूत्रों के अनुसार चुनाव आयोग आज प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों की पूरी रूपरेखा पेश कर सकता है. आयोग आज शाम 4 बजे विज्ञान भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस करेगा. आयोग मतदान की तारीखों, मतगणना के दिन और चुनाव के चरणों से जुड़ी जानकारी साझा करेगा. यह घोषणा होते ही संबंधित राज्यों में आदर्श आचार संहिता लागू हो जाएगी. इसके बाद राजनीतिक दलों की चुनावी रणनीतियां और प्रचार अभियान और अधिक सक्रिय हो जाएंगे.
जानकारी के मुताबिक सबसे बड़ा और जटिल चुनाव पश्चिम बंगाल में होने की संभावना है. यहां सुरक्षा और प्रशासनिक कारणों से तीन से चार चरणों में मतदान कराया जा सकता है. असम में दो चरणों में मतदान होने की संभावना जताई जा रही है. वहीं तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में चुनाव एक ही चरण में संपन्न कराने की तैयारी की जा रही है, ताकि पूरी प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके.
सूत्रों के अनुसार इन पांच राज्यों में चुनावी प्रक्रिया अप्रैल के महीने से शुरू हो सकती है. चरणबद्ध तरीके से मतदान कराए जाने के बाद मई के पहले सप्ताह में मतगणना कराई जा सकती है. इसी दौरान सभी राज्यों के परिणाम भी घोषित किए जाने की संभावना है. चुनाव आयोग ने मतदान की योजना बनाते समय सुरक्षा व्यवस्था, मौसम की स्थिति और परीक्षाओं के कार्यक्रम को भी ध्यान में रखा है.
इन चुनावों में पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु पर देशभर की नजरें टिकी हुई हैं. पश्चिम बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच मुकाबला रोचक रहने की उम्मीद है. वहीं असम और केरल में भी विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच सत्ता की लड़ाई तेज होने की संभावना है. चुनाव की तारीखों की घोषणा के साथ ही इन राज्यों में राजनीतिक गतिविधियां और प्रचार अभियान और तेज हो जाएंगे.