नई दिल्ली: भारत सरकार आज यानी 29 जनवरी को संसद में Economic Survey 2026 पेश करेगी. यह रिपोर्ट पिछले साल की आर्थिक स्थिति का विस्तृत ब्यौरा देती है और आने वाले साल की संभावित दिशा का संकेत देती है. निवेशक, आम लोग और बाजार इसे बड़े ध्यान से देखते हैं क्योंकि इसमें विकास दर, महंगाई, रोजगार, कृषि और उद्योग जैसी अहम जानकारियां शामिल होती हैं. संसद टीवी और वित्त मंत्रालय के प्लेटफॉर्म से इसे लाइव देखा जा सकता है.
Economic Survey 2026 आज सुबह 11 बजे संसद में पेश किया जाएगा. इसे मुख्य आर्थिक सलाहकार वी. अनंथा नागेश्वरन दोनों सदनों-लोकसभा और राज्यसभा- के सामने प्रस्तुत करेंगे. यह बजट सत्र के दौरान जारी किया जा रहा है, जिसकी शुरुआत 28 जनवरी को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संबोधन से हुई. सत्र 2 अप्रैल तक चल सकता है.
Economic Survey देश की सालाना आर्थिक रिपोर्ट है. इसमें विकास दर, महंगाई, रोजगार, सरकार की आय और खर्च के आंकड़े शामिल होते हैं. सरल शब्दों में यह देश की कमाई, खर्च और रोजगार की तस्वीर दिखाता है और भविष्य की आर्थिक नीतियों के लिए संकेत देता है.
पहली बार यह रिपोर्ट 1950-51 में बजट के साथ पेश हुई थी, लेकिन 1964 के बाद इसे अलग पेश किया जाने लगा. इसका उद्देश्य सांसदों और आम जनता को बजट से पहले देश की सही आर्थिक स्थिति से अवगत कराना है. Survey आमतौर पर दो हिस्सों में होता है- पहले में आर्थिक तस्वीर और दूसरे में सामाजिक-आर्थिक मुद्दों पर फोकस.
Economic Survey 2026 का सीधा प्रसारण संसद टीवी (Sansad TV) के यूट्यूब चैनल और दूरदर्शन पर देखा जा सकता है. इसके अलावा, वित्त मंत्रालय और PIB के सोशल मीडिया पेज पर भी ताजा जानकारी उपलब्ध होगी.
संसद में पेश होते ही Economic Survey की पूरी कॉपी PDF में indiabudget.gov.in पर उपलब्ध होगी. 'Economic Survey' सेक्शन में जाकर इसे फ्री डाउनलोड किया जा सकता है. बजट 2026, जिसे 1 फरवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी, उसकी दिशा समझने में यह रिपोर्ट अहम भूमिका निभाएगी.