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'जनता के बीच रहना होगा, राज्यों में जीतना होगा...', कांग्रेस ने 2024 के नतीजों से क्या-क्या सीखा?

CWC Meeting: कांग्रेस वर्किंग कमेटी की मीटिंग के बाद मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा है कि अच्छे मुद्दों और सबकी मेहनत की वजह से जीत मिली है लेकिन अभी और मेहनत की जरूरत है. कांग्रेस नेताओं ने प्रस्ताव पारित करके राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष बनाए जाने की मांग की है.

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CWC Meeting
Courtesy: Congress

'कांग्रेस का रिवाइवल शुरू हो गया है...', कांग्रेस वर्किंग कमेटी की मीटिंग के बाद के सी वेणुगोपाल के इन शब्दों ने पार्टी कार्यकर्ताओं में जान फूंक दी है. लोकसभा चुनाव 2024 में अच्छा प्रदर्शन करने के बाद कांग्रेस के हौसले बुलंद है. प्रदर्शन में सुधार के बावजूद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कमियां स्वीकार की हैं. उन्होंने अपने नेताओं को नसीहत भी दी कि जीते सांसदों को जनता के बीच रहना होगा और उनके लिए काम करना होगा. अपने संबोधन में मल्लिकार्जुन खड़गे ने आगामी विधानसभा चुनावों का हवाला देते हुए कांग्रेस नेताओं को कहा कि राज्यों में जीतकर ही पार्टी को मजबूत किया जा सकेगा. इस मीटिंग में कांग्रेस नेताओं ने प्रस्ताव पारित किया है कि राहुल गांधी को नेता प्रतिपक्ष बनाया जाए.

CWC मीटिंग के बाद के सी वेणुगोपाल ने कहा, 'CWC ने एक सुर में राहुल गांधी से अनुरोध किया है कि वह लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष का बद लें. इस चुनाव में हमने बेरोजगारी, महंगाई, महिलाओं के मुद्दे और सामाजिक न्याय के मुद्दे उठाए. यह जरूरी है कि सदन में भी इन मुद्दों को लगातार उठाया जाए. ऐसे में हमारा मानना है कि राहुल गांधी ही सबसे बेहतर व्यक्ति हैं जो सदन के अंदर इस कैंपेन को जारी रख सकते हैं. राहुल गांधी ही विपक्ष के असली नेता हैं.

भारत जोड़ो यात्रा की जमकर हुई तारीफ

इस मीटिंग के दौरान मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, 'मैं लोगों के चहेते, राहुल गांधी जी को भी बधाई देना चाहूंगा जिन्होंने संविधान, आर्थिक गैर बराबरी, बेरोजगारी और सामाजिक न्याय और सौहार्द्र जैसे मसलों को जन-जन का मुद्दा बना दिया. यह राहुल जी के नेतृत्व में दो साल पहले 4 हजार किलोमीटर लंबी भारत जोड़ो यात्रा और फिर 6600 किलोमीटर लंबी भारत जोड़ो न्याय यात्रा का फल है. उन्होंने आगे कहा, 'मैं प्रियंका को खास तौर पर बधाई देना चाहूंगा जिन्होंने अमेठी और रायबरेली के साथ-साथ देश के अन्य हिस्सों में भी जोरदार प्रचार किया.'

मल्लिकार्जुन खड़गे ने आगे कहा, 'यहां मैं इस बात का भी ख़ास उल्लेख करना चाहूंगा कि जहां-जहां से भारत जोड़ो यात्रा और भारत जोड़ो न्याय यात्रा गुजरी, वहां पर कांग्रेस पार्टी के वोट प्रतिशत और सीटों में बढ़ोतरी हुई. मणिपुर जहां से न्याय यात्रा शुरू हुई वहां हम दोनों सीटें जीते. नागालैंड, असम, मेघालय जैसे उत्तर-पूर्व के कई राज्यों में हमें सीटें मिली. महाराष्ट्र में हम सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरे. देशभर में कांग्रेस पार्टी को लोकतंत्र और संविधान बचाने के लिए लोगों का अपार समर्थन मिला.'

'सुधार की है जरूरत'

अच्छे प्रदर्शन के बावजूद 99 सीटें जीतने वाली कांग्रेस के अध्यक्ष खड़गे ने आगे कहा, 'जहां हम कुछ राज्यों में कांग्रेस पार्टी के अच्छे प्रदर्शन पर खुश हैं, तो उन राज्यों पर भी खास तौर से गौर करना होगा, जहां कांग्रेस पार्टी की संभावनाओं और अपेक्षाओं के विपरीत परिणाम आए. जहां हमने विधानसभा में अच्छा प्रदर्शन कर सरकार बनाई लेकिन लोकसभा में उस प्रदर्शन को दोहरा नहीं पाए. इन सभी बातों पर हम जल्दी ही अलग से चर्चा करेंगे. जो तत्कालिक कदम उठाना होगा, वो भी हम उठाएंगे.

उन्होंने आगे कहा, 'हम जनमत को विनम्रता से स्वीकार करते हैं. देश की जनता के एक बड़े तबके ने हम पर भरोसा किया है. हम उनका भरोसा बरक़रार रखने के लिए सभी संभव प्रयास करेंगे. हमें अनुशासित रहना है, हमें एकजुट रहना है. हमारा काम निरंतर जारी रहेगा, चाहे हम सत्ता में हो या नहीं. हमें 24 घंटे, 365 दिन लोगों के बीच रहना होगा, जनता के मुद्दों को उठाना होगा. कुछ महीनों में महत्वपूर्ण राज्यों के चुनाव होने हैं, हमें हर क़ीमत पर विरोधी दलों को परास्त कर, अपनी सरकार बनानी है. लोग बदलाव चाहते है, हमें उनकी ताक़त बनना होगा.'

INDIA गठबंधन पर भी बोले खड़गे

लोकसभा चुनाव के लिए बनाए गए INDIA गठबंधन के सहयोगियों की तारीफ करते हुए मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, 'इस बैठक में मैं अपने इंडिया गठबंधन के साथी दलों की सराहना भी खास तौर पर करना चाहूंगा. विभिन्न राज्यों में सभी सहयोगी दलों ने अहम भूमिका निभाई, हर पक्ष ने यथासंभव योगदान दिया, एक स्वर में साथ रहे. INDIA गठबंधन के साथियों के साथ हम संसद और संसद के बाहर एकजुट होकर और मिलकर काम करेंगे. जिन अहम मुद्दों पर हम चुनाव अभियान में गए वे आम जनता के सरोकार के मुद्दे हैं इसलिए वे हमेशा हमारी ध्यान में रहेंगे. संसद और संसद के बाहर जनता के इन सवालों को हम लगातार उठाते रहेंगे.'