देश की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस (LPG) की सप्लाई को लेकर किसी भी तरह की अफवाह या संकट से निपटने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. सरकार ने गुरुवार को तीन वरिष्ठ मंत्रियों की एक समिति बनाई है, जिसकी कमान गृह मंत्री अमित शाह को सौंपी गई है. इस समिति का काम ईंधन की आपूर्ति पर लगातार नजर रखना और यह सुनिश्चित करना होगा कि दिल्ली में इसकी कमी न हो.
इस समिति में गृह मंत्री अमित शाह के साथ विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर और पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को भी शामिल किया गया है. यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब पश्चिम एशिया में जारी तनाव के कारण ईंधन की आपूर्ति बाधित होने की आशंका जताई जा रही थी. खासकर, ईरान और अमेरिका के बीच तनाव का असर होर्मुज जलडमरूमध्य से होने वाले तेल परिवहन पर पड़ सकता है, जिसे देखते हुए सरकार ने यह सतर्कता बरती है.
देश की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस (LPG) की सप्लाई को लेकर किसी भी तरह की अफवाह या संकट से निपटने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. सरकार ने गुरुवार को तीन वरिष्ठ मंत्रियों की एक समिति बनाई है, जिसकी कमान गृह मंत्री अमित शाह को सौंपी गई है. इस समिति का काम ईंधन की आपूर्ति पर लगातार नजर रखना और यह सुनिश्चित करना होगा कि दिल्ली में इसकी कमी न हो.
इस समिति में गृह मंत्री अमित शाह के साथ विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर और पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को भी शामिल किया गया है. यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब पश्चिम एशिया में जारी तनाव के कारण ईंधन की आपूर्ति बाधित होने की आशंका जताई जा रही थी. खासकर, ईरान और अमेरिका के बीच तनाव का असर होर्मुज जलडमरूमध्य से होने वाले तेल परिवहन पर पड़ सकता है, जिसे देखते हुए सरकार ने यह सतर्कता बरती है.
दिल्ली सरकार के अधिकारियों ने साफ किया है कि वास्तव में पेट्रोल, डीजल या गैस की कोई कमी नहीं है. बाजार में सप्लाई सामान्य रूप से जारी है. फिर भी, कहीं ऐसा न हो कि लोग अफवाहों के चक्कर में पड़कर जमाखोरी या कालाबाजारी करें, इसलिए पुलिस और राजस्व विभाग की टीमों को सतर्क कर दिया गया है. समिति अब रोजाना स्टॉक का हिसाब रखेगी और सुनिश्चित करेगी कि ईंधन का वितरण बिना किसी रुकावट के होता रहे.
गृह मंत्री अमित शाह को इस समिति की कमान इसलिए दी गई है क्योंकि उन्हें संकट के समय में समन्वय स्थापित करने का लंबा अनुभव है. कोरोना काल में भी उन्होंने दिल्ली में व्यवस्था संभाली थी. इस कदम का मकसद आम जनता में घबराहट न होने देना और यह भरोसा दिलाना है कि सरकार पूरी तरह से मुस्तैद है. तेल कंपनियों का कहना है कि उनके पास पर्याप्त भंडार है और घरों तक गैस सिलेंडर की डिलीवरी 2-3 दिनों में जारी है. सरकार की यह टीम देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत रखने के लिए लगातार काम करेगी.
दिल्ली सरकार के अधिकारियों ने साफ किया है कि वास्तव में पेट्रोल, डीजल या गैस की कोई कमी नहीं है. बाजार में सप्लाई सामान्य रूप से जारी है. फिर भी, कहीं ऐसा न हो कि लोग अफवाहों के चक्कर में पड़कर जमाखोरी या कालाबाजारी करें, इसलिए पुलिस और राजस्व विभाग की टीमों को सतर्क कर दिया गया है. समिति अब रोजाना स्टॉक का हिसाब रखेगी और सुनिश्चित करेगी कि ईंधन का वितरण बिना किसी रुकावट के होता रहे.
गृह मंत्री अमित शाह को इस समिति की कमान इसलिए दी गई है क्योंकि उन्हें संकट के समय में समन्वय स्थापित करने का लंबा अनुभव है. कोरोना काल में भी उन्होंने दिल्ली में व्यवस्था संभाली थी. इस कदम का मकसद आम जनता में घबराहट न होने देना और यह भरोसा दिलाना है कि सरकार पूरी तरह से मुस्तैद है. तेल कंपनियों का कहना है कि उनके पास पर्याप्त भंडार है और घरों तक गैस सिलेंडर की डिलीवरी 2-3 दिनों में जारी है. सरकार की यह टीम देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत रखने के लिए लगातार काम करेगी.