नई दिल्ली: भारतीय थाली में कच्चा प्याज सलाद के रूप में जगह बनाए रखता है.कई लोग चाव से इसे चबाते हैं क्योंकि इसमें स्वाद के साथ-साथ कुछ पोषक तत्व भी होते हैं. लेकिन हाल के स्वास्थ्य विशेषज्ञों की राय में हर व्यक्ति के लिए यह सुरक्षित नहीं है. कुछ लोगों में यह पेट की परेशानी बढ़ा सकता है या पुरानी बीमारियों को ट्रिगर कर सकता है. इसलिए जानना जरूरी है कि कब और किसे कच्चा प्याज से दूरी बनानी चाहिए.
इसकी तासीर ठंडी और कुछ कंपाउंड्स ऐसे हैं जो पेट में गैस या एसिड बढ़ा सकते हैं.ज्यादातर लोग बिना समस्या के खा लेते हैं, लेकिन संवेदनशील शरीर वाले लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए.अगर आप भी रोजाना कच्चा प्याज शामिल करते हैं तो अपने लक्षणों पर नजर रखें.सही जानकारी से आप अपनी डाइट को बेहतर बना सकते हैं और अनावश्यक परेशानी से बच सकते हैं.
जिन्हें गैस, अपच, पेट फूलना या इरिटेबल बाउल सिंड्रोम की शिकायत है, उनके लिए कच्चा प्याज समस्या बढ़ा सकता है. इसमें मौजूद फ्रुक्टेंस पेट में फर्मेंट होकर गैस और भारीपन पैदा करते हैं. ऐसे में हल्का भोजन बेहतर रहता है.अगर लक्षण बढ़ें तो डॉक्टर से बात करें और पकाया हुआ प्याज आजमाएं.
कच्चा प्याज पेट में एसिड बढ़ा सकता है, जिससे सीने में जलन, खट्टी डकार या गले में असहजता होती है. एसिडिटी या रिफ्लक्स की समस्या वाले लोग इससे बचें. विशेषज्ञ कहते हैं कि कच्चे की बजाय पकाए प्याज कम नुकसान पहुंचाते हैं. अगर रोजाना जलन होती है तो डाइट में बदलाव जरूरी है.
कुछ लोगों को प्याज से एलर्जी होती है.कच्चा प्याज खाने पर त्वचा पर खुजली, लाल चकत्ते, सूजन या सांस की तकलीफ हो सकती है.ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत सेवन बंद करें.एलर्जी टेस्ट करवाएं और डॉक्टर की सलाह लें.ज्यादातर मामलों में यह दुर्लभ है लेकिन सतर्क रहना बेहतर है।
प्याज खून को पतला करने में मदद करता है, जो सामान्य रूप से अच्छा है. लेकिन ब्लड थिनर दवाएं ले रहे लोगों में यह ब्लीडिंग का खतरा बढ़ा सकता है. डॉक्टर की अनुमति के बिना ज्यादा मात्रा न लें. अपनी दवाओं और डाइट के बीच संतुलन बनाए रखें ताकि कोई जोखिम न हो.
कच्चा प्याज मुंह की बदबू भी पैदा कर सकता है जो घंटों तक रहती है. अगर आपका पेट संवेदनशील है तो सीमित मात्रा में खाएं या पकाकर इस्तेमाल करें. हमेशा संतुलित आहार अपनाएं और कोई भी नई आदत शुरू करने से पहले विशेषज्ञ से चर्चा करें.सेहत सबसे बड़ी पूंजी है, छोटी-छोटी सावधानियां इसे बचाए रखती हैं.
Disclaimer: यहां दी गई सभी जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. theindiadaily.com इन जानकारियों की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह ले लें.