menu-icon
India Daily

'जटाधरा' देख पकड़ लेंगे माथा! सोनाक्षी सिन्हा की सुपरनैचुरल थ्रिलर के रिलीज होने के बाद सामने आया लोगों का रिएक्शन

बॉलीवुड की दबंग गर्ल यानी सोनाक्षी सिन्हा की 'जटाधरा' फिल्म सिनेमाघरों में आज रिलीज हो गई है. चलिए जानते हैं कि इस फिल्म को देख पब्लिक ने क्या रिएक्शन दिया है.

antima
Edited By: Antima Pal
'जटाधरा' देख पकड़ लेंगे माथा! सोनाक्षी सिन्हा की सुपरनैचुरल थ्रिलर के रिलीज होने के बाद सामने आया लोगों का रिएक्शन
Courtesy: x

बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा आजकल दक्षिण भारतीय सिनेमा में कदम रख रही हैं. उनकी पहली तेलुगु फिल्म 'जटाधरा' आज 7 नवंबर को सिनेमाघरों में उतर चुकी है. यह एक सुपरनैचुरल थ्रिलर है, जिसमें सोनाक्षी के साथ साउथ स्टार सुधीर बाबू मुख्य भूमिका में हैं. फिल्म का निर्देशन ए. हर्षा ने किया है और यह रहस्यमयी कहानी पर आधारित है.

दर्शक लंबे समय से इसका इंतजार कर रहे थे, लेकिन रिलीज के साथ ही सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई है. ज्यादातर नेटिजन्स निराश लग रहे हैं और फिल्म को देखने से मना कर रहे हैं. आइए जानते हैं क्या कह रहे हैं लोग...

'जटाधरा' देख पकड़ लेंगे माथा!

फिल्म की कहानी एक रहस्यमयी महिला जटाधरा के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अलौकिक शक्तियों से जुड़ी है. सोनाक्षी ने इसमें मुख्य किरदार निभाया है, जबकि सुधीर बाबू हीरो की भूमिका में हैं. ट्रेलर देखकर लगा था कि यह हॉरर और थ्रिल का मजेदार मिश्रण होगी, लेकिन असल में ऐसा नहीं हुआ. 

एक्स पर यूजर्स अपनी राय साझा कर रहे हैं. एक यूजर ने लिखा, "जटाधरा देखकर लगा जैसे कोई टॉर्चर चैंबर में फंस गए हों. स्क्रीनप्ले इतना कमजोर है कि बोरियत हो जाती है." दूसरे ने कहा, "सोनाक्षी की एक्टिंग ठीक है, लेकिन कहानी खींची हुई लगती है. हॉरर का नाम पर सिर्फ शोर!" सबसे ज्यादा शिकायत VFX और AI के इस्तेमाल पर है. फिल्म में सुपरनैचुरल सीन के लिए ग्राफिक्स का सहारा लिया गया है, लेकिन वह कच्चे और नकली लगते हैं. 

एक दर्शक ने पोस्ट किया, "VFX इतना घटिया कि हंसते-हंसते पेट दर्द हो गया. दुनिया ही फेक लग रही है." फर्स्ट हाफ तो पूरी तरह सुस्त है, जहां कुछ भी रोमांच नहीं जगता. सेकंड हाफ में थोड़ी गति आती है, लेकिन तब तक दर्शक थक चुके होते हैं. कई लोग सलाह दे रहे हैं, "इस फिल्म से बचें, वरना समय बर्बाद होगा." हालांकि कुछ पॉजिटिव रिव्यू भी आए हैं. 

एक फैन ने कहा, "सोनाक्षी का तेलुगु डेब्यू अच्छा है. उनकी परफॉर्मेंस मजबूत है और क्लाइमैक्स सरप्राइज देता है." लेकिन कुल मिलाकर नेगेटिव फीडबैक ज्यादा है. बॉक्स ऑफिस पर भी फिल्म की ओपनिंग कमजोर बताई जा रही है. तेलुगु के साथ हिंदी डब वर्जन भी रिलीज हुआ है, ताकि नॉर्थ इंडिया के दर्शक जुड़ सकें. सोनाक्षी सिन्हा ने फिल्म के प्रमोशन में खूब मेहनत की थी. 

इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि यह रोल उनके लिए चुनौतीपूर्ण था, क्योंकि तेलुगु भाषा नई थी. सुधीर बाबू भी एक्शन और इमोशंस में बैलेंस करने की कोशिश की है. म्यूजिक की बात करें तो गाने औसत हैं, बैकग्राउंड स्कोर थोड़ा डरावना बनाने की कोशिश करता है. अगर आप हॉरर थ्रिलर के शौकीन हैं, तो शायद ट्राई कर सकते हैं, लेकिन रिव्यू देखकर सावधान रहें. फिल्म इंडस्ट्री में सोनाक्षी का यह नया प्रयोग है, उम्मीद है अगली बार कुछ बेहतर आएगा.