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आधार कार्ड पर यूपी सरकार का बड़ा फैसला, अब नहीं कर पाएंगे जन्मतिथि प्रमाण के रूप में इस्तेमाल

उत्तर प्रदेश सरकार ने स्पष्ट किया है कि अब आधार कार्ड को जन्मतिथि प्रमाण (DOB) के रूप में मान्यता नहीं दी जाएगी.

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Edited By: Reepu Kumari
आधार कार्ड पर यूपी सरकार का बड़ा फैसला, अब नहीं कर पाएंगे जन्मतिथि प्रमाण के रूप में इस्तेमाल
Courtesy: Pinterest

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश सरकार ने एक अहम आदेश जारी कर कहा है कि आधार कार्ड को अब जन्मतिथि प्रमाण के रूप में स्वीकार नहीं किया जाएगा. UIDAI के दिशानिर्देश और नियोजन विभाग के आदेश के अनुसार, आधार कार्ड में दर्ज जन्मतिथि स्वयं घोषित होती है और किसी भी सत्यापित दस्तावेज पर आधारित नहीं होती. इसलिए इसे सरकारी नौकरी, पेंशन, छात्रवृत्ति और अन्य आधिकारिक प्रक्रियाओं में DOB के प्रमाण के रूप में नहीं इस्तेमाल किया जा सकता.

नियोजन विभाग ने सभी सरकारी विभागों और अधीनस्थ कार्यालयों को तुरंत प्रभाव से दिशा-निर्देश जारी किए हैं. आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सरकारी सेवाओं, आवेदन प्रक्रियाओं और सत्यापन कार्यों में आधार कार्ड को जन्मतिथि प्रमाण के रूप में इस्तेमाल न किया जाए. अब जन्म प्रमाण पत्र, स्कूल सर्टिफिकेट, नगर निकाय द्वारा जारी रिकॉर्ड या अन्य अधिकृत दस्तावेज ही आधिकारिक तौर पर मान्य होंगे.

आदेश की पृष्ठभूमि

यह निर्णय UIDAI के पत्र पर आधारित है, जिसमें कहा गया है कि आधार में दर्ज जन्मतिथि को प्रमाणिक नहीं माना जा सकता. आधार बनवाते समय जन्म का प्रमाण पत्र, स्कूल रिकॉर्ड या अस्पताल का दस्तावेज अनिवार्य नहीं होता. कई मामलों में जन्मतिथि स्वयं घोषित होती है, जिससे इसे सरकारी प्रक्रियाओं में आधिकारिक रूप से स्वीकार नहीं किया जा सकता.

सरकारी प्रक्रियाओं में बदलाव

अब सरकारी नौकरी, पेंशन, छात्रवृत्ति, लाइसेंस और सरकारी योजनाओं में केवल मान्य दस्तावेज स्वीकार होंगे. आधार कार्ड पर भरोसा करने वाले प्रक्रियाओं में संशोधन आवश्यक है. सभी विभागों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने अधीनस्थ कार्यालयों को भी इस बदलाव की जानकारी दें.

मान्य दस्तावेज क्या होंगे

आधिकारिक DOB प्रमाण के लिए अब जन्म प्रमाण पत्र, हाईस्कूल प्रमाण पत्र, नगर निकाय द्वारा जारी जन्म पंजीकरण रिकॉर्ड या अन्य अधिकृत दस्तावेज ही मान्य होंगे. आधार कार्ड में दर्ज जन्मतिथि अब किसी भी तरह की सरकारी प्रक्रिया में प्रमाण नहीं मानी जाएगी.

जनता के लिए असर

जनता को अब अपने जन्मतिथि के लिए मान्य दस्तावेज की आवश्यकता होगी. आधार कार्ड की सुविधा के बावजूद, सरकारी प्रक्रिया में इसे अब केवल पहचान के रूप में इस्तेमाल किया जा सकेगा, DOB के प्रमाण के रूप में नहीं.

सरकार का संदेश

राज्य सरकार का स्पष्ट संदेश है कि नियमों का पालन सभी विभागों और नागरिकों के लिए अनिवार्य है. आधिकारिक दस्तावेजों के बिना कोई भी प्रक्रिया पूरी नहीं होगी. यह कदम प्रमाणिकता बढ़ाने और गलत जानकारी से बचाने के लिए उठाया गया है.