menu-icon
India Daily

यूपी के बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत, बिल में होगा 6.5% ब्याज का सीधा समायोजन

उत्तर प्रदेश के करोड़ों बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. बिजली बिलों में बढ़ते खर्च के बीच पावर कॉरपोरेशन ने उपभोक्ताओं को उनकी जमा जमानत राशि (सिक्योरिटी डिपॉजिट) पर मिलने वाले ब्याज का लाभ देना शुरू कर दिया है.

Meenu Singh
Edited By: Meenu Singh
यूपी के बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत, बिल में होगा 6.5% ब्याज का सीधा समायोजन
Courtesy: Pinterest

उत्तर प्रदेश के करोड़ों बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. बिजली बिलों में बढ़ते खर्च के बीच पावर कॉरपोरेशन ने उपभोक्ताओं को उनकी जमा जमानत राशि (सिक्योरिटी डिपॉजिट) पर मिलने वाले ब्याज का लाभ देना शुरू कर दिया है. इसका सीधा फायदा जून महीने के बिजली बिल में देखने को मिलेगा, जिससे उपभोक्ताओं के बिल का बोझ कुछ हद तक कम हो सकता है.

पावर कॉरपोरेशन के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए उपभोक्ताओं की जमा सिक्योरिटी राशि पर 6.50 प्रतिशत की दर से ब्याज दिया जाएगा. यह राशि सीधे बिजली बिल में समायोजित की जा रही है. जिन उपभोक्ताओं को जून के बिल में यह लाभ नहीं मिल पाया है, उन्हें अगले महीने यानी जुलाई के बिल में इसका फायदा दिया जाएगा.

नियमों के तहत मिलता है ब्याज

विद्युत अधिनियम 2003 और विद्युत वितरण संहिता 2005 के प्रावधानों के अनुसार, सभी बिजली उपभोक्ताओं को उनकी जमा सुरक्षा राशि पर हर वर्ष ब्याज देने का प्रावधान है. यह ब्याज दर हर साल 1 अप्रैल को लागू बैंक दर के आधार पर तय की जाती है. इस वर्ष बैंक दर 6.50 प्रतिशत होने के कारण उपभोक्ताओं को इसी दर से लाभ दिया जा रहा है.

करोड़ों उपभोक्ताओं को मिलेगा फायदा

प्रदेश में करीब 3 करोड़ 73 लाख बिजली उपभोक्ता हैं, जिनकी कुल जमा जमानत राशि लगभग 4,616 करोड़ रुपये बताई जा रही है. इस आधार पर अनुमान है कि करीब 300 करोड़ रुपये की ब्याज राशि उपभोक्ताओं को वापस मिलेगी. इससे बड़ी संख्या में परिवारों और व्यावसायिक उपभोक्ताओं को आर्थिक राहत मिलेगी.

अतिरिक्त अधिभार शुल्क पर भी राहत की उम्मीद

जून के बिजली बिलों में लगाए गए 10 प्रतिशत अतिरिक्त अधिभार शुल्क को लेकर भी उपभोक्ताओं को राहत मिल सकती है. इस मामले में नियामक आयोग पावर कॉरपोरेशन से जवाब मांग चुका है. यदि आयोग उपभोक्ताओं के पक्ष में फैसला देता है, तो जुलाई में इस अतिरिक्त वसूली का समायोजन या रिफंड किया जा सकता है.

उपभोक्ताओं से बिल जांचने की अपील

राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने सभी उपभोक्ताओं से अपने बिजली बिल की सावधानीपूर्वक जांच करने की अपील की है. परिषद का कहना है कि उपभोक्ता यह सुनिश्चित करें कि सिक्योरिटी राशि पर मिलने वाला ब्याज उनके बिल में समायोजित हुआ है या नहीं. अगर किसी कारणवश यह लाभ नहीं मिला है, तो अगले बिल में इसका समायोजन किया जाएगा.